मंझनपुर। कोतवाली क्षेत्र के खोजवापुर गांव की एक किशोरी शनिवार रात संदिग्ध परिस्थितियों में घर के भीतर आग का गोला बन गई। नाजुक दशा में झुलसी किशोरी को एसआरएन अस्पताल इलाहाबाद में भर्ती कराया गया है। घरवालों के मुताबिक रात बुझाते समय गिरकर ढिबरी भभकने से कपड़े में आग लग जाने से यह हादसा हुआ है।
मंझनपुर कोतवाली क्षेत्र के खोजवापुर गांव निवासी प्रभाकर किसान है। शनिवार रात वह परिवार के साथ बरामदे में सो रहा था। आधी रात घर के भीतर सो रही बेटी अर्चना (17) की नींद खुली तो ढिबरी जल रही थी। बुझाते समय किशोरी नींद में थी। इससे ढिबरी गिरकर भभकने लगी और उसके कपड़ों में आग लग गई। किशोरी की चीखें सुनकर घरवालों की भी नींद टूटी। चीखें सुनकर परिवार के लोग भागकर मौके पर पहुंचे तो भीतर बेटी को आग का गोला बने देख उनकी रूह कांप गई। परिजनों ने प्रयास कर किसी तरह आग बुझाई।
हालांकि तब तक किशोरी गंभीर रूप से झुलस चुकी थी। लोगों ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया। मगर उसकी हालत नाजुक देख प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने एसआरएन अस्पताल इलाहाबाद के लिए रेफर कर दिया। किशोरी के झुलस जाने से पूरा परिवार परेशान है।