थाना भुता के कुआडांडा गांव के होमगार्ड के पिता की हत्या में नामजद रिटायर दरोगा और उनके दामाद को जेल भिजवाने के लिए अनजान व्यक्ति खुद को अलग-अलग ओहदों पर होने की बात कहकर हड़का रहा है। मंगलवार को आरोपी ने खुद को सुप्रीम कोर्ट का जज बताकर लखनऊ के एक आला अधिकारी को हड़काया तो उन्होंने एसएसपी को आरोपियों की गिरफ्तारी के आदेश कर दिए। एसएसपी धर्मवीर यादव ने शक होने पर आरोपी के मोबाइल नंबर को सर्विलांस सेल को सौंपकर उसका डाटा मांगा है।
18 फरवरी की रात कुआडांडा के रहने वाले होमगार्ड श्रीनारायण शर्मा के पिता रामेश्वर दयाल शर्मा की मौत हो गई थी। होमगार्ड ने गांव के ही रिटायर दरोगा महेंद्रपाल सिंह और उनके दामाद गोविंद के खिलाफ हत्या का मुकदमा लिखा दिया था। एसओ हरेंद्र सिंह ने बताया कि होमगार्ड के क हने पर मामला क्राइम ब्रांच को सौंप दिया है। होमगार्ड ने चकरोड पर कब्जा कर लिया था। 2013 में रिटायर दरोगा ने उसकी शिकायत की थी, इसलिए वह दरोगा से रंजिश रखता था। होमगार्ड आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबाव बना रहा है। मंगलवार को एसएसपी तहसील दिवस में फरीदपुर गए थे। इस दौरान उनके पास किसी अनजान व्यक्ति ने खुद को मानवाधिकार आयोग से बताकर फोन किया। पूछने लगा कि रामेश्वर दयाल की हत्या के आरोपी जेल क्यों नहीं भेजे जा रहे हैं। इससे पहले भी रामेश्वर दयाल के हत्यारोपियों को जेल भिजवाने के लिए लखनऊ स्तर के कई बड़े अधिकारी भी कप्तान को फोन कर चुके हैं। एसएसपी ने बताया कि बुधवार को उनके पास लखनऊ के एक आला अधिकारी का फोन आया कि सुप्रीम कोर्ट का जज बताने वाले एक व्यक्ति का फोन आ रहा है। वह होमगार्ड के पिता के हत्यारोपियों की गिरफ्तारी कराने की सिफारिश कर रहा है। एसएसपी ने फोन करने वाले के मोबाइल नंबर की डिटेल मांगी है। आरोपी के खिलाफ कार्रवाई होनी तय मानी जा रही है।