बिहारीपुर की रानी और उसके सवा साल के मासूम बेटे मधुर की हत्या रानी के प्रेमी कन्हैया ने ही की थी। पुलिस ने यह दावा कन्हैया की गिरफ्तारी के बाद किया है। पुलिस मधुर की लाश तलाशने के लिए कन्हैया को साथ लेकर दिन भर नकटिया पुल के आसपास का इलाका छानती रही लेकिन कामयाबी नहीं मिली। पुलिस को शक है कि कहीं कोई जंगली पशु बच्चे की लाश को न खींच ले गया हो। दोहरे हत्याकांड को अंजाम देने वाले कन्हैया को अपने किए पर कोई पछतावा नहीं था। बोला- रानी उसे ब्लैकमेल कर रही थी। उसने कुछ और लोगों से भी संबंध बना लिए थे, इसलिए उसने रानी को गोली मारकर हत्या कर दी। बाद में बच्चे के रोने पर पकड़े जाने के डर से उसका गला घोंट दिया।
बड़ा बाईपास पर नकटिया पुल के नीचे 24 अक्तूबर को 35 साल की एक महिला की लाश मिली थी। अगले दिन उसकी बिहारीपुर करोलान की रानी के रूप में शिनाख्त हुई। घरवालों ने बताया कि रानी अपने सवा साल के बेटे मधुर को साथ लेकर घर से निकली थी। बड़े बेटे वंश को घर पर ही छोड़ गई थी। रानी के भाई ने पुलिस से कन्हैया से रानी के संबंधों का जिक्र करते हुए उस पर हत्या का संदेह जताया। रानी की लाश मिलने के बाद पुलिस उसके बेटे की तलाश करती रही लेकिन उसका कोई पता नहीं चला। कन्हैया हाथ लगा तो सारी हकीकत सामने आ गई। कन्हैया ने पुलिस को बताया कि रानी ने उसे धोखा दिया था। उसने कुछ और लोगों से संबंध बना लिए थे। अब वह उससे रुपये मांगती थी। ब्लैकमेल करती थी। इस पर उसने रानी और उसके बेटे मधुर की हत्या कर दी। इज्जतनगर थाना प्रभारी उपेंद्र सिंह के मुताबिक कन्हैया की गिरफ्तारी के बाद अब मधुर की लाश तलाश की जा रही है। लेकिन लाश मिली नहीं है।