सिविल लाइंस स्थित आईसीआईसीआई बैंक से बृहस्पतिवार दोपहर बदमाशों ने 20.82 लाख रुपये की नकदी से भरा बैग चोरी कर लिया। यह रुपया रोडवेज का था, जो कलेक्शन कंपनी सीएमएस इंफो सिस्टम के कर्मचारी जमा करने के लिए बैंक लेकर पहुंचे थे। घटना को चार बदमाशों ने सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया, मगर वे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गए। मौके पर पहुंचे एसएसपी मुनिराज जी. ने घटना के खुलासे के लिए बदमाशों के फोटो और वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर किए हैं।
सीएमएस इंफो सिस्टम कंपनी के कर्मचारी पीपलसाना चौधरी निवासी विशाल और बसंत विहार निवासी राजीव 38 लाख रुपये कैश लेकर उसे जमा करने आईसीआईसीआई बैंक पहुंचे। इसमें रोडवेज के 20 लाख 82 हजार 373 रुपये थे, जो एक बैक में रखे थे। बाकी 27 लाख दो हजार 373 रुपये बॉक्स में रखे थे। विशाल और राजीव ने बैंक पहुंचकर अपनी कंपनी के कस्टोडियन भमोरा के गांव सिंघा निवासी अजीत को सारा कैश सौंप दिया और चले गए। अजीत कैश जमा करने के लिए लाइन में लग गए। बैग को उन्होंने बॉक्स के ऊपर रख लिया। इसी बीच बैंक पहुंचे तीन बदमाशों में से एक ने रोडवेज के कैश वाला बैग उठाया और बाहर बाइक पर इंतजार कर रहे साथी के साथ भाग गया। इस दौरान उसके दो साथी बैंक में मौजूद लोगों पर नजर रखे रहे और फिर वे भी वहां से निकल गए। कुछ देर बाद अजीत पीछे घूमे तो बैग गायब देखकर उन्होंने शोर मचाया। इससे बैंक में हड़कंप मच गया। सीसीटीवी कैमरे जांचे गए। पुलिस भी बुला ली गई। एसएसपी मुनिराज जी. भी मौके पर पहुंच गए और सीसीटीवी कैमरे की फुटेज चेक करने के बाद उसमें कैद बदमाशों के फोटो और वीडियो फुटेज मीडिया को जारी कराए। घटना के खुलासे के लिए क्राइम ब्रांच को लगाया गया है। सीएमएस कंपनी के ब्रांच मैनेजर सुनील कोठारी की ओर से कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।