फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जहरीली शराब पिलाकर मार दिया फिर कीचड़ में लाश दबा दी

विज्ञापन
विज्ञापन
वीरेंद्र की मौत का मामला
विज्ञापन

विसरा रिपोर्ट ने झुठलाई की पुलिस की कहानी

जहरीली शराब से हुई थी मौत, हत्या के सबूत नजरंदाज कर पुलिस ने बता दिया था हादसा

अब दोबारा होगी जांच, शराब पिलाने वाले दोस्त की तलाश

अमर उजाला ब्यूरो
बरेली। फतेहगंज पश्चिमी के रामलीला ग्राउंड में वीरेंद्र उर्फ चीकू की कीचड़ से लाश बरामद होने के चार महीने बाद मौत की वजह सामने आई है। विसरा रिपोर्ट के मुताबिक जहरीली शराब पीने से वीरेंद्र की मौत हुई थी। अब पुलिस वीरेंद्र के उस दोस्त को पकड़कर पूछताछ की तैयारी में है जो उसे घर से बुलाकर ले गया था। लोगों ने दोनों को साथ शराब पीते भी देखा था। घटनास्थल पर लाश को घसीटे जाने के निशान और कुछ लोगों के फुट प्रिंट भी मिले थे इसलिए अब पुलिस इस मामले को हत्या से भी जोड़कर देख रही है।
इस मामले में पुलिस की पंचनामा रिपोर्ट पर सवाल उठ रहे हैं। पुलिस ने लाश को कीचड़ में औंधे मुंह पड़े होना दिखाया था, जबकि तस्वीरों में लाश पीठ के बल पड़ी दिख रही है। पुलिस ने वीरेंद्र की मौत को हादसा करार देकर जांच बंद कर दी थी। तब वीरेंद्र के परिवार वालों ने पांच पुलिसकर्मियों के खिलाफ एसपी देहात सतीश कुमार को तहरीर सौंपी थी। तीन जनवरी को कस्बे के रामलीला ग्राउंड में गांव बकैनिया चंपतपुर निवासी वीरेंद्र उर्फ चीकू (20) की लाश मिली थी। उसका सिर कीचड़ में दबा था, जबकि पैंट पर कीचड़ नहीं थी। साफ था कि किसी ने लाश को यहां दबाने की कोशिश की थी। वीरेंद्र के पिता महावीर ने पुलिस को बताया था कि एक युवती से छेड़छाड़ में तीन लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज हुई थी। उसमें वीरेंद्र गवाह था। आरोपी वीरेंद्र को जान से मारने की धमकी दे रहे थे। इससे डरकर महावीर परिवार के साथ फतेहगंज पश्चिमी में आकर रहने लगे थे।
विज्ञापन
विज्ञापन


पंचनामा में गड़बड़ी की भी जांच कराई जा रही है। विसरा रिपोर्ट में जहरीली कच्ची शराब से मौत की बात सामने आई है। मौत से पहले जिस दोस्त के साथ उसने शराब पी थी, उसे पकड़कर पूछताछ की जाएगी। - सतीश कुमार, एसपी देहात
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें