जिला अस्पताल के बच्चा वार्ड में एक शख्स खुद को सीडीओ का स्टेनो बताकर सीएमएस और डॉक्टरों पर रौब गांठने लगा। अपने मरीज की फाइल टेबल पर फेंककर बोला - पहले मेरा केस देखो। सीएमएस उसकी इस हरकत पर भड़क गए। स्टाफ से पूछा कि यह शख्स वार्ड में कैसे आया। उन्होंने जिला अस्पताल की चौकी पर फोन करके पुलिस बुला ली। सीएमएस ने सीडीओ से फोन पर बात की तो पता चला कि खुद को स्टेनो बताकर रौब गांठने वाला शख्स विकास भवन में संविदा पर कंप्यूटर ऑपरेटर है। इसके बाद पुलिस उसे हिरासत में लेकर कोतवाली ले आई। बच्चा वार्ड की नर्स की तरफ से कोतवाली पुलिस को तहरीर सौंपी गई।
कोतवाली में मौजूद आरोपी श्यामवीर सिंह ने बताया कि वह बदायूं रोड की रामचंद्रपुरम कॉलोनी में रहता है। उसके दोस्त बबलू के बेटे को डायरिया हो गया है, जिसे जिला अस्पताल के बच्चा वार्ड में भर्ती कराया है, लेकिन इससे पहले इमरजेंसी के डॉक्टरों ने उन्हें काफी परेशान किया। मंगलवार सुबह साढ़े नौ बजे वह बबलू के बेटे की फाइल लेकर सीएमएस डॉ. केएस गुप्ता के पहुंचा था। डॉ. केएस गुप्ता ने बताया कि श्यामवीर का व्यवहार खराब था। वह दबाव बनाने की कोशिश कर रहा था। सीएमएस ने बताया कि कई दलाल इसी तरह अस्पताल में स्टाफ पर दबाव बनाते हैं। कोतवाली इंस्पेक्टर गीतेश कपिल ने जिला अस्पताल प्रशासन की तहरीर आने के बाद श्याम वीर के खिलाफ सरकारी काम में बाधा डालने समेत अन्य धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है।