नवाबगंज। मामला भले मामूली मारपीट का ही क्यों न हो, लेकिन किसी को लंबा जेल भेजना है तो इस काम में नवाबगंज पुलिस माहिर है। दो पक्षों की मारपीट के मामले की विवेचना कर रहे नवाबगंज थाने के एक दरोगा ने एक पक्ष से विवेचना में धारा-308 बढ़ाने के एवज में 25 हजार रुपये ऐंठ लिए। लेकिन जब धारा नहीं बढ़ाई तो पीड़ित ने दरोगा से रुपये वापस मांगे। यह दरोगा का अखर गया और उसे पीड़ित और उसके एक साथी को थाने में घसीटते हुए खूब पीटा। अन्य पुलिस कर्मियों ने बमुश्किल उन्हें बचाया। पीड़ित ने मामले की तहरीर नवाबगंज थाने में दी है।
नगर के मोहल्ला भट्ठा पहलवान निवासी रामसिंह का आरोप है कि उनके दोस्त प्रेमपाल, उसके भाई आकाश और अमन निवासी मोहल्ला आदर्श नगर की 6 माह पहले तेजपाल, कालीचरन और छत्रपाल से लेनदेन को लेकर मारपीट हो गई थी। मारपीट में प्रेमपाल और अमन को गुम चोट और आकाश के सिर में चोट आई थी। जबकि दूसरे पक्ष के लोगों को मामूली चोटें आईं थीं। जिसकी विवेचना कोतवाली में तैनात एक दरोगा कर रहे हैं। आरोप है कि पीड़ित पक्ष से दरोगा ने दूसरे पक्ष पर 308 की धारा लगाने के नाम पर 25 हजार रुपये ऐंठ लिए और धारा भी नहीं बढ़ाई। शुक्रवार को रामसिंह अपने दोस्त प्रेमपाल के साथ दरोगा से मिलने पहुंचे और रुपये वापस मांगे। इस पर दरोगा आपा खो बैठे और रामसिंह और प्रेमपाल को पीटते हुए घसीटकर कोतवाली के अंदर ले गए। जहां मौजूद पुलिस कर्मियों ने उन्हें बचाया। रामसिंह ने थाना नवाबगंज में तहरीर देकर दरोगा के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। इस मामले में दरोगा से बात करने का प्रयास किया गया, लेकिन उन्होंने कॉल रिसीव नहीं की।
कुछ समय पहले भी दो पुलिस कर्मियों से कोतवाल ने वापस करवाए थे रुपये
कोतवाली में तैनात दो पुलिस कर्मियों ने एक महिला दलाल के माध्यम से आरोपी को थाने से ही छोड़ने के नाम पर सात हजार रुपये ले लिए थे, लेकिन पुलिस ने उनका शातिभंग में चालान करा दिया। जब पीड़ित ने मामले की शिकायत कोतवाल से की तो उन्होंने दोनों पुलिस कर्मियों से रुपये वापस कराए थे। साथ ही महिला को कोतवाली के आसपास न घूमने की हिदायत दी थी।
जुआरी और शराबियों के साथ होती है पार्टी
सूत्रों की माने तो कोतवाली में तैनात कुछ पुलिस कर्मियों की जुआरियों और शराबियों के साथ शाम को महफिलें सजती है। कुछ दिन पहले मोहल्ला यासीननगर में जुआरियों का जुआ खेलते वीडियो वायरल हुआ था उसमें जुआरियों को पहचान भी लिया गया, लेकिन एक भी जुआरी को पकड़ा नहीं गया।
‘मामला मेरे संज्ञान में नही है। थाना प्रभारी से बात कर जानकारी लूंगा। यदि ऐसा है तो जांच कराई जाएगी। जांच में दरोगा दोषी पाए गए तो कार्रवाई की जाएगी।’
- पीतमपाल सिंह, सीओ नवाबगंज