बरेली। मंडी परिषद में शुल्क चोरी और हेराफेरी का धंधा अर्से से हो रहा है, लेकिन शातिर लोग गेटपास की बुकलेट ही गायब करने लगे हैं। पिछले दिनों सौ गेटपास की बुकलेट गायब होने का मामला सामने आया है। बताया जाता है कि गेटपास बुकलेट इस्तेमाल कर लाखों रुपये का गबन कर दिया, इससे बाद मंडी समिति ने पुलिस में रिपोर्ट दर्ज करवा दी। बहरहाल सचिव ने इसकी जांच शुरू करा दी है।
पिछले माह मंडी निरीक्षक जगदीश सिंह ने सौ गेटपास की बुकलेट अपने नाम पर जारी कराई थी। इसका इस्तेमाल मंडी परिसर में उपज लाने वाले किसान और व्यापारियों के लिए किया जाता है। यानी सभी वाहनों को गेटपास कटवाना अनिवार्य है। इसके बाद अमुक वाहन बाहर जाते समय वजन आदि अंतर नोट कराता है। आढ़ती इसी वजन के अनुसार ढाई प्रतिशत मंडी शुल्क जमा करता है। जगदीश सिंह अर्से से गेट जैसे प्रमुख स्थानों पर तैनात हैं। उन्होंने गेटपास गायब होने की रिपोर्ट संबंधित थाना में दर्ज कराई है, जिससे मामला रफादफा हो जाए, इसकी जानकारी मिलते ही सचिव ने गायब गेटपास सीरियल नंबरों को रद्द कर जांच शुरू करा दी। माना जा रहा है कि बुकलेट के अवैध इस्तेमाल से लाखों की वसूली और गबन संभव है। मंडी समिति में इसे लेकर काफी चर्चा है और मामला मंडी निदेशक कार्यालय तक पहुंच गया है।
गेटपास की बुकलेट पिछले दिनों निरीक्षक जगदीश सिंह के नाम पर जारी हुई थी, जो कि अब गायब है। पुलिस में रिपोर्ट दर्ज करा दी गई है। वहीं विभागीय जांच भी हो रही है। जांच आख्या मिलते ही कार्रवाई होगी।
- अनिल कुमार, मंडी सचिव