बरेली। सरकार तीन तलाक को लेकर बेहद गंभीर है। हाल ही में केंद्र सरकार की ओर से तीन तलाक पर लोक सभा में बिल भी पास हुआ है। ऐसी महिलाओं से सरकार ने हमदर्दी जताई है, मगर अभद्रता, मारपीट और घर से जबरन खींचने की कोशिश की घटना पर पुलिस ने ध्यान नहीं दिया।
इस तरह का मामला हुसैन बाग निवासी नूरी के साथ पेश आया है। जिसकी थाना पुलिस ने भी नहीं सुनी। हार कर पीड़िता ने शुक्रवार को एसएसपी को फैक्स के माध्यम से शिकायत भेजी है। नूरी की शादी लगभग सात साल पहले हुसैन बाग के ही रहने वाले आसिफ अली से हुई थी। इसके बाद दहेज की मांग पर मारपीट करने देवर के अभद्रता करने पर नूरी ने अपने घर वालों से शिकायत की। इस पर पति आसिफ ने 5 दिसंबर 15 को तीन तलाक दे कर नूरी को घर से निकाल दिया। तब से वह अपने मायके में माता पिता के साथ रह रही है।
नूरी ने एसएसपी को भेजे प्रार्थना पत्र में बताया है कि गत दिवस 4 जुलाई को शाम 4 बजे आसिफ और ससुराल पक्ष के ताहिर, मोहम्मद अहमद व अन्य लोग उसके मायके में घुस आए और मारपीट कर जबरन खींच कर ले जाने लगे। इसकी शिकायत थाना में की गई, परंतु कोई कार्रवाई नहीं हुई। पीड़िता की मां पाकीजा ने फोन पर यह आरोप भी लगाया कि उनकी बेटी को अक्सर वह लोग रास्ते में परेशान करते रहते हैं।