पार्टियों और वैवाहिक कार्यक्रमों से बाइक चोरी की लगातार घटनाओं का राज आखिरकार खुल गया। इन घटनाओं को फर्रुखाबाद का एक जोड़ा अंजाम दे रहा था। पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार किया तो पता चला कि दोनों पति-पत्नी हैं और शादियों-पार्टियों में बतौर मेहमान शामिल होने के बाद दावत उड़ाने के बाद बाइक लेकर फुर्र हो जाते थे। एसएसपी ने मंगलवार को पुलिस लाइन में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि दोनों लोगों की निशानदेही पर 10 बाइक बरामद की गई हैं। इनमें ज्यादातर शादी के कार्यक्रमों से ही उड़ाई गई थीं।
कुछ महीने पहले अंशू ने अकेले ही एक बाइक चुराई थी, जिसमें वह पकड़ा गया था और प्रेमनगर पुलिस ने उसे जेल भी भेजा था। इसी वारदात वजह से वह ऑटोलिफ्टर के तौर पर चिह्नित हुआ। शक की वजह से पुलिस ने उसे हिरासत में लिया तो पता चला कि सिर्फ वही नहीं, उसकी पत्नी भी बाइक चोरी की घटनाओं में उसकी बराबर की पार्टनर है।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान एसएसपी ने बताया कि अंशू और कंचन की कहानी भी फिल्मी बंटी और बबली की तरह की ही है। मोबाइल फोन पर एक मिस कॉल के बाद दोनों नजदीक आए थे। कुछ समय बातचीत और मिलनेजुलने के बाद दोनों ने लव मैरिज कर ली थी। जनवरी में दोनों बरेली आकर सतीपुर में किराये का मकान लेकर रहने लगे। इसके बाद ऑटोलिफ्टिंग की घटनाओं को भी साथ-साथ अंजाम देने लगे।
पुलिस ने अंशू और कंचन के पास से एक मास्टर की भी बरामद की। इसी के जरिये वे बाइक का लॉक खोलकर उसे उड़ा ले जाते थे। पुलिस के सामने दोनों ने इस मास्टर की से बाइक का लॉक भी पलक झपकते ही खोलकर दिखाया।
पति-पत्नी काफी समय से शहर में रहकर बाइक चोरी की घटनाएं कर रहे थे। महिला होने की वजह से कोई शक नहीं करता था। इन्होंने चोरी की अधिकांश बाइक फर्रुखाबाद में बेची हैं। इनके कुछ और साथी भी धंधे में शामिल हैं, उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें लगी हैं। - शैलेश पांडेय, एसएसपी