बरेली। आंधी के पांच दिन बाद भी शहर की बिजली आपूर्ति व्यवस्था पटरी पर नहीं आ सकी है। लाइनों की मरम्मत के नाम पर शहर के अलग-अलग इलाकों में कटौती की जा रही है। बुधवार को रामपुर गार्डन और डीडीपुरम समेत कई पॉश इलाकों में बिजली आपूर्ति ठप रही। विद्युत निगम ने सुबह सात से 10 बजे तक कटौती की पूर्व सूचना दी थी, लेकिन कुछ इलाकों में दोपहर 12 बजे तक आपूर्ति सामान्य नहीं हो सकी।
132 केवी विद्युत उपकेंद्र बरेली टाउन से जुड़े इलाकों में मरम्मत संबंधी कार्य के दौरान सिविल लाइंस प्रथम, द्वितीय व तृतीय के साथ ही मिशन कंपाउंड उपकेंद्र से जुड़े इलाके भी प्रभावित रहे। सिविल लाइंस, डीडीपुरम, जगतपुर, मिशन कंपाउंड, जगतपुर, मिलेट्री इंजीनियरिंग सर्विस फीडर, सदर कैंट, रेलवे स्टेशन रोड और रामपुर गार्डन फीडर पर आपूर्ति बाधित रही।
आज राजेंद्र नगर और डेलापीर उपकेंद्रों से होगी कटौती
राजेंद्र नगर और डेलापीर उपकेंद्रों से बृहस्पतिवार को दोपहर एक से तीन बजे तक बिजली कटाैती की जाएगी। इस दौरान 33/11 केवी उपकेंद्र राजेंद्रनगर और डेलापीर की 33 केवी लाइन को 132 केवी दोहना से हटाकर मुख्य बेस लाइन से लिंक किया जाएगा। कार्य के दौरान राजेंद्रनगर, इंदिरानगर, गुप्ता चौराहा, शील चौराहा, आवास विकास, जनकपुरी, प्रियदर्शिनी नगर, जगदीश विहार, मंडल विहार, गुलमोहर पार्क, आशापुरम, एकता नगर ई-ब्लॉक, प्यारेलाल कॉलोनी डेलापीर, आईवीआरआई रोड, स्टेडियम रोड, मंडी समिति आदि इलाकों में बिजली आपूर्ति प्रभावित रहेगी। संवाद
आंधी-बारिश से हुए नुकसान का आकलन कर रहा निगम
- भूमिगत लाइनें काटकर नगर निगम ने भी लगाई दो लाख की चपत
बरेली। आधी-बारिश के दौरान बिजली लाइनों, खंभों को हुए नुकसान का अभी विद्युत निगम आकलन तक नहीं कर सका है। बीते सप्ताह तीन स्थानों पर खोदाई के दौरान जेसीबी से 11 केवी भूमिगत केबल काटकर नगर निगम भी विद्युत निगम को दो लाख रुपये की चपत लगा चुका है।
पिछले सप्ताह बुधवार रात आई आंधी की वजह से कई स्थानों पर बिजली लाइनें क्षतिग्रस्त हो गई थीं। शुक्रवार को एक बार फिर से आंधी और बारिश ने बिजली व्यवस्था को बेपटरी कर दिया था। कई स्थानों पर पेड़ गिरने, खंभे और लाइनें टूटने के कारण शहर के कई इलाकों में 18 घंटे तक आपूर्ति बाधित रही थी। संबंधित स्थानों पर मरम्मत के काम अब तक पूरे नहीं हो सके हैं। अधिशासी अभियंता सुरेंद्र गौतम ने बताया कि ज्यादा नुकसान नहीं हुआ है। मरम्मत के काम नियमित हैं। आपूर्ति पूरी तरह से सामान्य है। आंधी और बारिश के कारण हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है। संवाद