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जिलाधिकारी की मां और ड्राइवर समेत 168 लोगों में संक्रमण की पुष्टि

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Corona - फोटो : PTI
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एंटीजन टेस्ट में पुश्टि के बाद आरटीपीसीआर जांच के लिए लिया गया सैंपल
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थाना क्लोड़िया के चार पुलिसकर्मियों के अलावा कई स्वास्थ्यकर्मी भी संक्रमित

बरेली। दो दिन पहले डीएम नितीश कुमार के संक्रमित मिलने के बाद सोमवार को उनके परिजन और कैंप ऑफिस के सभी कर्मचारियों की एहतियातन जांच कराई गई। इसमें डीएम की मां और ड्राइवर में संक्रमण की पुष्टि हुई है। सीएमओ डॉ. विनीत शुक्ल ने बताया कि एंटीजन जांच में संक्रमित मिलने के बाद अब उनकी आरटीपीसीआर जांच कराई जाएगी। सोमवार को कुल 168 लोगों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई।
थाना क्योलड़िया के चार पुलिस कर्मियों के अलावा बहेड़ी और पुलिस लाइन में भी एक-एक संक्रमित मिला है। सीएचसी भमोरा का एक स्वास्थ्य कर्मी भी संक्रमित मिला है। इसके अलावा जनकपुरी, विवेक विहार में एक-एक, पटेल विहार में दो, कर्मचारी नगर, जाधोपुर, रेलवे कॉलोनी में एक-एक, ग्रीन पार्क में दो, हार्टमन में एक, चाहबाई में दो, क्योलड़िया में एक, बानखाना, सुभाषनगर में तीन-तीन, संजयनगर, एयरफोर्स गली, जागृति नगर में एक-एक, अनुपम नगर, ट्यूलिप में दो-दो, स्टेडियम रोड में एक, साईं रेजीडेंसी, मुंशीनगर, परसाखेड़ा, पुलिस लाइन, रामवाटिका में एक-एक, महानगर में दो, कालीबाड़ी में तीन, गुलाबनगर में पांच, सीबीगंज कर्मचारी कॉलोनी में एक, फरीदपुर, बरकुली शाही में एक-एक, छोटी विहार में दो, मलूकपुर में एक-एक, शास्त्रीनगर में तीन, गुलमोहर पार्क, एकतानगर में एक-एक, आंवला में दो, हसनपुर, मोहल्ला परा, राजेंद्रनगर निजी अस्पताल, शांति बिहार मढ़ीनाथ में एक-एक, करगैना में तीन, डेलापीर चौराहा, गंगोलीघाट, पृथ्वीपुर, वीरसावरकर नगर में एक-एक, नार्थ सिटी एक्सटेंशन में दो, नर्सिंग होम, निजी अस्पताल, देवचरा में एक-एक, भरतौल में चार, पवन विहार में एक-एक, नकटिया में तीन, बसंत विहार में एक-एक संक्रमित मिला है। इज्जतनगर क्षेत्र में अलग-अलग स्थानों पर आठ और मीरगंज में सात संक्रमित मिले हैं।

तीमारदार से रुपये मांगने पर महिला अस्पताल में हंगामा

बरेली। सोमवार को महिला जिला अस्पताल के स्टाफ के गर्भवती से रुपये मांगने पर हंगामा हो गया। परिजन का आरोप था कि उनसे मरीज को भर्ती करने और जल्दी दिखाने के लिए सुविधा शुल्क मांगा गया। इसके बाद गर्भवती को भर्ती कर इलाज शुरू हुआ।
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फरीदपुर निवासी 25 वर्षीय सोनू को सोमवार को प्रसव पीड़ा शुरू हुई तो परिजन सीएचसी ले गए। वहां से गर्भवती को महिला अस्पताल लेकर पहुंचे। गर्भवती महिला की मां ओमवती के मुताबिक अस्पताल में भीड़ थी इसलिए वह हेल्प डेस्क पहुंची। ओपीडी का पर्चा बनाने के बाद उनसे लाइन में लगने को कहा गया। कुछ देर बाद ही वहां मौजूद आया ने जल्दी दिखाने के बदले उनसे सौ रुपये मांगे। इस पर गर्भवती के परिवार ने हंगामा करना शुरू कर दिया। सीएमएस डॉ. अलका शर्मा ने बताया कि रुपये मांगने या हंगामा होने की उन्हें कोई शिकायत नहीं मिली है। अगर कोई कर्मचारी ऐसा कर रहा है तो उसके खिलाफ कार्रवाई होगी। ब्यूरो
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