बरेली। बदलते मौसम में लुढ़क रहे न्यूनतम और अधिकतम पारे से बरेली लगातार दूसरे दिन भी प्रदेश में सबसे ठंडा रहा। रविवार की रात न्यूनतम पारा 5.5 डिग्री तक गिर गया जबकि अधिकतम पारा लुढ़ककर 21.8 डिग्री सेल्सियस हो गया और सोमवार अब तक का इस सीजन का सबसे सर्द दिन दर्ज हुआ। दिन में धूप तो निकली लेकिन बेअसर रही। रात में लोग ठिठुरते रहे।
शहर के तापमान में एक सप्ताह से तेजी से उतार-चढ़ाव हुआ है। इसी के साथ न्यूनतम व अधिकतम तापमान में गिरावट का सिलसिला जारी है। मौसम विभाग के अनुसार रविवार को दिन भर हल्के बादल मंडराने और रात में चली सर्द हवा ने गलन बढ़ा दी है। न्यूनतम पारा ठिठुरा रहा है, इसीलिए रविवार को सात डिग्री दर्ज होने के बाद सोमवार को गिरकर 5.5 डिग्री सेल्सियस हो गया है। अधिकतम पारा भी रविवार को 22.4 था जो कि सोमवार को और गिर गया।
आंचलिक मौसम विज्ञान अनुसंधान केंद्र के वरिष्ठ विशेषज्ञ अतुल कुमार के मुताबिक अभी अगले तीन दिनों तक मौसम इसी तरह का रहने का अनुमान है। अगले तीन दिनों में पूरे रुहेलखंड क्षेत्र में अधिकतम और न्यूनतम तापमान में और अधिक गिरावट दर्ज की जाएगी।
मुजफ्फरनगर में भी रही रिकार्ड सर्दीमौसम विज्ञान विभाग की वेबसाइट के अनुसार रविवार को उत्तर प्रदेश में बरेली का अधिकतम तापमान सबसे कम 21.8 डिग्री रहा जबकि दूसरे नंबर पर मुजफ्फरनगर का 21.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं न्यूनतम पारा सबसे कम मुजफ्फरनगर का 5 डिग्री रहा जबकि दूसरे नंबर पर बरेली का 5.5 दर्ज किया गया। अधिकतम तापमान सबसे कम होने से बरेली प्रदेश के सबसे ठंडे शहर में शामिल रहा। अन्य में मेरठ का न्यूनतम तापमान 6.5, नजीबाबाद का 7.2 व फुर्सतगंज का 8.5 डिग्री दर्ज किया गया जबकि अधिकतम तापमान बरेली और मुजफ्फरनगर के अलावा सबसे कम नजीबाबाद का 22.6 और उरई का 22.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ।
बीते सात दिनों का तापमान
तिथि अधिकतम न्यूनतम
11 दिसंबर 21.8 5.5
10 दिसंबर 22.4 7.0
9 दिसंबर 23 7.8
8 दिसंबर 24.1 9.7
7 दिसंबर 25.5 10.0
6 दिसंबर 25.5 8.4
5 दिसंबर 24.5 10.6
4 दिसंबर 21.9 14.1
मौसम इनपुट
21.8
5.5
दिन में हल्की धूप रहेगी। सुबह-शाम कोहरा रहेगा। हल्के बादल छाएंगे।
सूर्योदय 6.53
सूर्यास्त 5.16
फोटो
सावधानी बरतें, बच्चों-बुजुर्गों का रखें ख्यालअमर उजाला ब्यूरो
बरेली। बदलते मौसम में सेहत का विशेष ध्यान रखने की जरूरत है। बच्चों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखने की जरूरत है। बच्चों में निमोनिया की शिकायत बढ़ी है। सोमवार को जिला अस्पताल खुला तो ओपीडी में सबसे अधिक बच्चे निमोनिया की चपेट में आने वाले पहुंचे। बुजुर्गों में सांस रोगी बढ़ रहे हैं।
डॉ. राहुल गोयल के मुताबिक मौसम बदलने से वायरल बीमारियों व इंफेक्शन की चपेट में आने की आशंका ज्यादा होती है। चूंकि बच्चों और बुजुर्गों में रोग प्रतिरोधक क्षमता कम होती है, इसलिए वह जल्द इंफेक्शन की चपेट में आते हैं। हालांकि अब कई युवा भी संक्रामक रोगों के चपेट में आ रहे हैं। इसलिए सेहत का ध्यान रखें।