हवन-पूजन के साथ चौबारी मेला शुरू
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बरेली में विधिवत हवन-पूजन के साथ रविवार से रामगंगा चौबारी मेला का शुभारंभ हो गया। जनप्रतिनिधियों के साथ ही पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों ने भी हवन-पूजन किया। फिर अतिथियों ने फीता काटकर, कबूतर व गुब्बारे उड़ाकर मेले का शुभारंभ किया। इसके उपरांत मेला स्थल पर स्काउट गाइड की तरफ से लगाए गए स्टालों का निरीक्षण किया। शाम को रामगंगा नदी के किनारे मां गंगा की महाआरती भी की। श्रद्धालुओं ने गंगा की आराधना कर दीपदान भी किया। अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने लोगों से घाट पर सुरक्षा मानकों का ध्यान रखने की अपील की है।
कार्यक्रम का शुभारंभ वैदिक मंत्रोच्चारण एवं शंखनाद के साथ हुआ। पंडित हर्षित उपाध्याय, आचार्य विनीत, देवेंद्र पुजारी व अन्य संत-महात्मा ने घाट पर हवन-पूजन कराया। इस तरह रामगंगा घाट पर महाआरती के आयोजन में अखिल भारत हिंदू महासभा के मंडल अध्यक्ष पंकज पाठक और उनकी टीम का विशेष सहयोग रहा। इस मौके पर सांसद छत्रपाल गंगवार, जिला पंचायत अध्यक्ष रश्मि पटेल, महापौर उमेश गौतम ने मेले के इंतजामों की सराहना की। जनप्रतिनिधियों ने मेला प्रबंधन कहा कि अपेक्षा की गई कि मेले में किसी भी दशा में कोई अप्रिय घटना उत्पन्न न हो। इस दौरान एमएलसी बहोरन लाल मौर्य, विधायक बिथरी चैनपुर राघवेंद्र शर्मा भी थे।
मेले में व्यवस्थाओं पर डीएम के निर्देश
डीएम अविनाश सिंह ने कहा कि प्रशासन व मेला समिति द्वारा मेले की व्यवस्थाएं की गई हैं। उन्होंने सीएमओ को निर्देश दिए कि मेले के दौरान प्रतिदिन 24 घंटे डॉक्टरों की उपस्थिति रहे और स्वास्थ्य सेवाएं लोगों को मिलें। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि मेले में गोताखोरों तैनात किए जाएं। डीएम ने श्रद्धालुओं से कहा कि घाट पर स्नान के समय नियम-निर्देशों का पालन करें, ताकि आप सभी मेले का आनंद ले सकें और सुरक्षित घर लौटे। इस मौके पर एसपी सिटी मानुष पारीक, एडीएम वित्त एवं राजस्व संतोष कुमार सिंह, एडीएम सिटी नगर सौरभ दुबे भी थे।
पुष्कर समेत अन्य शहरों से पहुंचा नखासा
रामगंगा चौबारी मेले में पुष्कर, बहराइच, लखीमपुर समेत अन्य जगह से नखासा आ गया है। पुष्कर से आए घोड़ों की तलाश नखासा में आने वाले लोगों को रहती है। ठेकेदार योगेश सिंह ने बताया कि नखासा में ग्राहक आना शुरू हो गए हैं। रविवार को छह घोड़े बेचे गए। सोमवार से पूरा नखासा विधिवत सज जाएगा, साथ ही अगले तीन दिन तक बढ़ी संख्या में घोड़ों के खरीदार वहां पहुंचेंगे और अपने पसंदीदा नस्ल का घोड़ा खरीदेंगे।