बरेली। सूद धर्मकांटा स्थित निजी अस्पताल में प्रसव के बाद मृत जन्मे नवजात का मामला शासन तक पहुंच गया है। परिजन ने आईजीआरएस पोर्टल पर शिकायत कर प्रकरण की जांच व कार्रवाई की मांग की है।
शाहजहांपुर के कटरा खितौआ के गांव शाहपुर निवासी अफसार हुसैन ने की गई शिकायत में बताया कि गर्भवती पत्नी रेशमा का इलाज धर्मकांटा स्थित सुविधा अस्पताल में बीते छह माह से हो रहा था। चार अक्तूबर को प्रसव पीड़ा होने पर वे अस्पताल पहुंचे। डॉक्टर ने यह कहकर सिजेरियन डिलीवरी से इन्कार कर दिया कि उन्होंने सुबह से तीन-चार ऑपरेशन किए हैं। इधर, पत्नी की तबीयत बिगड़ती जा रही थी। जब डिस्चार्ज करने के लिए कहा तो मना कर दिया। रात भर पत्नी कराहती रहीं।
दूसरे दिन डॉक्टर ने पत्नी की नॉर्मल डिलीवरी कराई तो मृत बच्चा पैदा हुआ। आरोप है कि अगर डॉक्टर समय से डिलीवरी कराती तो नवजात की मौत न होती। डॉक्टर ने पत्नी और बच्चे की जान से खिलवाड़ किया। संबंधित शिकायत जांच के लिए सीएमओ डॉ. विश्राम सिंह को मिली तो उन्होंने डिप्टी सीएमओ डॉ. लईक अहमद अंसारी और महिला चिकित्सालय की गायनेकोलॉजिस्ट डॉ. शैव्या काे जांच सौंपी है। जांच टीम ने संबंधित डॉक्टर को कॉल करके इलाज संबंधी दस्तावेज तलब किए हैं। अमर उजाला ब्यूरो