आगरा फोर्ट और दक्षिण के लिए ट्रेन की लंबे समय से बाट जोहने वाले यात्रियों को रेलवे बजट से मायूस होना पड़ा है। रेलवे में सुविधाओं के इजाफे को लेकर की गई घोषणाओं के बीच नई ट्रेन चलाने के बाबत कोई नई बात नहीं कही गई। बजट में कहा गया कि 25 हजार से अधिक यात्रियों की आमद वाले जंक्शन पर स्व चलित सीढ़ियां लगाने की बात कही गई। वहीं बरेली जंक्शन पर स्व चलित सीढ़ियों का ढांचा आने के एक साल बाद भी नहीं लग सका है। बजट में जिक्र होने के बाद संभावना है कि जंक्शन पर जल्द स्व चलित सीढ़ियां लग जाएंगी।
वित्त मंत्री ने रेल बजट में कहा कि रेलवे की खाली पड़ी जमीनों का व्यवसायिक उपयोग किया जाना है। पूर्वोत्तर रेलवे के इज्जतनगर मंडल की खाली जमीन पर बाजार और सड़क निर्माण को लेकर चल रही कवायद को इस घोषणा से बल मिलेगा। बता दें कि इज्जतनगर से लेकर शहामतगंज तक रेलवे की खाली जमीनों के व्यवसायिक उपयोग के लिए जिलाधिकारी राघवेंद्र विक्रम सिंह प्रयास कर रहे हैं। बजट में कहा गया कि रेलवे स्टेशन और ट्रेनों की बोगियों में सीसी कैमरा लगाकर निगरानी की जाएगी।
इज्जतनगर मंडल के एनई रेलवे मेंस कांग्रेस के मंडल मंत्री विवेक मिश्रा के मुताबिक न्यू पेंशन स्कीम में बदलाव का रेलवे कर्मचारियों को इंतजार था, लेकिन कोई घोषणा नहीं की गई। कर्मचारियों के लिए कर मुक्त आय की सीमा पांच लाख तक बढ़ाने की मांग हो रही थी। रिक्त पदों पर खाली रखकर सरकार मौजूदा कर्मचारियों से दोगुना काम ले रही है। न्यूनतम वेतन और भत्ते की मांगों पर भी कर्मचारियों को कोई राहत नहीं मिली है।