पीडब्ल्यूडी के पुराने कामों पर ब्रेक, पेमेंट भी रुके
- फोटो : Break on past works of PWD, stop payments
शासन ने पीडब्ल्यूडी के पुराने कामों पर ब्रेक लगा दिया है। इन कामों का पेमेंट भी फिलहाल रोक दिया गया है। अपर मुख्य सचिव (आवास एवं शहरी नियोजन अतिरिक्त चार्ज पीडब्ल्यूडी) ने नई सरकार बनने तक किसी भी तरह के नए काम स्वीकृत करने, टेंडर जारी करने या बजट खर्च करने पर सख्ती के साथ रोक लगाने को कहा है। अगर किसी काम के जरूरी पेमेंट करने हों तो स्थलीय सत्यापन के बाद ही किए जाएंगे। नई सरकार के अस्तित्व में आने तक क्लोजिंग माह में किसी भी तरह का बजट जारी नहीं किया जाएगा। अपर मुख्य सचिव सदाकांत ने बरेली समेत प्रदेश के सभी जनपदों में पीडब्ल्यूडी के मुख्य अभियंता, अधीक्षण अभियंता, अधिशासी अभियंताओं को जारी निर्देशों में स्पष्ट कहा कि पुराने टेंडरों के आधार पर किसी भी काम के लिए बजट स्वीकृत न करें। क्लोजिंग माह में किसी भी काम के नए टेंडर न निकाले जाएं और न ही नए कामों की स्वीकृति हो। अगर पुराने काम चालू हैं तो उनका पेमेंट फील्ड में भौतिक सत्यापन कराने और काम की गुणवत्ता परखने के बाद ही किया जाए। किसी भी काम की वित्तीय स्वीकृति अगर जरूरी हो तो शासन की अनुमति लेने के बाद ही की जाए। अगर किसी काम का आधा बजट जारी हो चुका है तो बकाया बजट जारी करने के लिए भी पीडब्ल्यूडी को शासन की अनुमति लेनी होगी। सरकार बनने के बाद अगली गाइड लाइन जारी होने तक इंतजार करना होगा। अब पीडब्ल्यूडी के बकाया काम नए वित्तीय वर्ष अप्रैल से ही प्रारंभ होंगे। बता दें कि पीडब्ल्यूडी ने चुनाव आचार संहिता लगने से पहले पूरे मंडल में 40 करोड़ की लागत के सड़क मरम्मत एवं नवीनीकरण के काम स्वीकृत कराए थे। इनकी टेंडर प्रक्रिया भी उसी समय पूरी कर ली गई थी। हालांकि इनमें अभी तक अधिकांश काम नहीं हो पाए हैं। शहर की सड़कों की मरम्मत के लिए पीडब्ल्यूडी निर्माण खंड को एक करोड़ के काम कराने थे। इनमें अधिकांश काम शुरू नहीं हुए। टेंडर प्रक्रिया भी दोषपूर्ण रही।
शासन ने नए कामों पर रोक लगा दी है। नई सरकार के गठन की प्रक्रिया चल रही है। अब न तो कोई नए टेंडर होंगे और न ही काम स्वीकृत किए जाएंगे। संजीव भारद्वाज, एक्सईएन पीडब्ल्यूडी