फोन पर बात करते रहे बीईओ, धोखे में ड्राइवर को पकड़ा
एंटी करप्शन टीम के कहने पर इलियास फोन पर लगातार बीईओ के संपर्क में थे। तय हुआ था कि बृहस्पतिवार दोपहर बाद इलियास पांच हजार रुपये बीईओ को उनके बिथरी ब्लॉक स्थित कार्यालय पर देने जाएंगे। दोपहर बाद सवा तीन बजे इलियास बीईओ के दफ्तर पहुंचे। टीम के अधिकारी व गवाह भी थोड़ी दूरी पर थे।
इलियास ने कॉल कर बीईओ को अपने आने की सूचना दी। तब बीईओ ने अपने चालक वीरपाल को बाहर भेज दिया। वीरपाल मूलत: अनुचर है, पर बीईओ का वाहन चलाता है। वीरपाल ने जैसे ही इलियास के हाथ से रुपये लिए, टीम ने उसे बीईओ समझकर गिरफ्तार कर लिया। उसके हाथ धुलवाए तो नोटों पर लगे केमिकल की वजह से पानी का रंग गुलाबी हो गया। टीम ने उसे गाड़ी में बैठा लिया।
कोई घूस मांगे तो तुरंत करें शिकायत
सीओ एंटीकरप्शन यशपाल सिंह ने बताया कि इस मामले में बीईओ ही असली आरोपी है। प्रधानाध्यापक से फोन पर बीईओ की बात हो रही थी, वेतन भी वही बहाल करा सकता था। वह कार्रवाई के दौरान मौके से खिसक गया। उसकी तलाश की जा रही है। कोई अफसर रिश्वत मांगे तो उनके मोबाइल नंबर 9454405475 और प्रभारी निरीक्षक के मोबाइल नंबर 9454401653 पर कॉल करके भी शिकायत कर सकते हैं।