मेडिकल परीक्षण से इनकार के बाद लड़की को कानूनी रूप से बालिग साबित होने तक नारी निकेतन में रहना होगा
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बिलाल ने किया निकाह का दावा, पुलिस का इंकार, माहिरा नाम का आधार कार्ड मिला
बरेली। अजमेर के होटल में पकड़ने के बाद स्थानीय पुलिस किला क्षेत्र से साथ गए प्रेमी युगल को लेकर शनिवार को बरेली पहुंच गई। लड़की के घर से ले जाए गए करीब तीन लाख रुपये और लड़की के दो फर्जी आधार कार्ड बरामद दिखाकर पुलिस ने आरोपी बिलाल को चोरी व धोखाधड़ी के आरोप में जेल भेज दिया। लड़की ने हाईस्कूल की मार्कशीट के आधार पर खुद को बालिग बताते हुए मेडिकल परीक्षण से इनकार कर दिया। बालिग है या नहीं, यह न्यायालय से तय होने तक उसे नारी निकेतन भेज दिया गया। बिलाल ने लड़की से निकाह का दावा किया है। उसके पास से माहिरा पत्नी बिलाल नाम से बना एक आधार कार्ड भी मिला है। हालांकि पुलिस अभी धर्म परिवर्तन और निकाह की बात को खारिज कर रही है।
किला थाना क्षेत्र से 17 अक्तूबर को घर छोड़कर गई लड़की और आरोपी बिलाल को किला पुलिस शनिवार सुबह राजस्थान के अजमेर से यहां लेकर पहुंची। कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद लड़की को 11 बजे एंबुलेंस से जिला महिला अस्पताल ले जाया गया। वहां उसने खुद को बालिग बताकर मेडिकल परीक्षण कराने से इनकार कर दिया। उसकी उम्र तय होने के बारे में न्यायालय का फैसला आने तक अपर सिटी मजिस्ट्रेट ने लड़की को नारी निकेतन में ठहराने के आदेश कर दिए। मजिस्ट्रेट के सामने लड़की ने अपने घर जाने से भी मना कर दिया था।
वहीं शाम को बिलाल को रिमांड मजिस्ट्रेट के न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। पुलिस ने बिलाल से तीन लाख 20 हजार रुपये बरामद बताए हैं। पिता ने रिपोर्ट में लिखाया था कि उनकी बेटी घर से आठ लाख रुपये और सोने की चेन ले गई थी। शुरू में यह माना जा रहा था कि इतनी बड़ी रकम जाने का आरोप पिता ने गुस्से में लगाया होगा, मगर पुलिस के मुताबिक बिलाल से रुपये मिलने से यह बात सही साबित हुई है। बिलाल को उन्हीं आठ लाख में से यह रकम चुराने का आरोपी माना गया है। बाकी रकम खर्च होना बताया गया है। पुलिस का दावा यह भी है कि उसने लड़की के फर्जी नाम पते वाले दो फर्जी आधार कार्ड बनवा लिए थे। इस कारण उसे धोखाधड़ी का आरोपी भी माना गया है। इन फर्जी आधार कार्ड पर लड़की के फोटो असली हैं। इन्हीं में से एक माहिरा पत्नी बिलाल के नाम से बना है।
लड़की ने खुद को बालिग बताकर मेडिकल परीक्षण से इंकार कर दिया। वह कोर्ट में जो बयान देगी, उसके आधार पर कोर्ट के आदेश से कार्रवाई होगी। बिलाल केवल लड़की को ले जाने का आरोपी होता तो वह बच भी सकता था। उसके खिलाफ फिलहाल चोरी और धोखाधड़ी का आरोप साबित हुआ है। उसे इसी आधार पर जेल भेजा गया है। - रोहित सिंह सजवाण, एसएसपी