दीपावली पर बिजली की खपत बढ़ती उससे पहले ही शहर में बड़े पैमाने पर अघोषित कटौती शुरू हो चुकी है। इसकी वजह से पेयजल सप्लाई व्यवस्था भी लड़खड़ा गई है। कैंट विधायक ने डीएम से कहा है कि बिजली सप्लाई में सुधार लाने के लिए हस्तक्षेप करें, उधर शहर में ओवरलोडिंग से कई ट्रांसफार्मर ध्वस्त होने लगे हैं।
करीब दो सप्ताह से मनमानी बिजली कटौती हो रही है। शाहदाना, इज्जतनगर, किला, कोहाड़ापीर, रामपुर बाग, जगतपुर, सुभाषनगर, 66 केवी सिविल लाइंस, सीबीगंज उपकेंद्रों से सप्लाई आधी भी नहीं दी जा रही है। कई जगह सूचना बगैर ही स्काडा योजना से पूरे दिन काम कराया जाता है, इससे सुबह दस से शाम पांच बजे तक सप्लाई ठप रहती है। ट्रिपिंग, लो वोल्टेज और ओवरलोडिंग की समस्या भी अचानक बढ़ गयी है। प्रतिदिन करीब 12 घंटे तक सप्लाई गुल रह रही है। मंडल मुख्यालय पर कम से कम 20-22 घंटे सप्लाई मिलने का रोस्टर तय है।
कई ट्रांसफार्मर जले
शहर में कई जगहों पर ट्रांसफार्मर जल गए हैं। इसकी वजह से बमनपुरी और सौदागरान में शनिवार रात ब्लैक आउट रहा। रविवार देर शाम स्थिति सामान्य हो पायी। एसडीओ सेवक राम राना ने बताया कि किला उपकेंद्र पर लगा 10 एमवीए ट्रांसफार्मर खराब होने से बड़ी आबादी में बिजली सप्लाई प्रभावित थी, अब स्थिति सामान्य है।
विधायक ने लिखा पत्र
कैंट विधायक राजेश अग्रवाल शहरी बिजली सप्लाई व्यवस्था से खिन्न हैं। उन्होंने डीएम से कहा है कि वे हस्तक्षेप कर बिजली व्यवस्था दुरुस्त करवाएं। विधायक ने अपने पत्र में लिखा है कि एसडीओ आदि फोन तक नहीं उठाते हैं। घंटों बिजली सप्लाई गुल रहने से लोगों में खासा गुस्सा है।