दरोगा इसरार ने दूसरे पक्ष से की वार्ता
इधर, दरोगा इसरार अली व ललित कुमार ने दूसरे पक्ष के साथ बैठक की। इनमें पूर्व पार्षद शराफत अल्वी, सलीम अल्वी, साबिर और जुल्फिकार अल्वी आदि ने बताया कि इस तरह बड़ा जत्था और डीजे यहां से कभी नहीं निकला है। हो सकता है कि कुछ लोग बाइक से कभी निकल गए हों या फिर बंद होकर डीजे चला गया हो।
यह जत्था निकला तो नई परंपरा पड़ जाएगी जो इलाके की शांति व्यवस्था को प्रभावित करेगी। यहां बाद में सीओ तृतीय भी आए और लोगों को समझाने की कोशिश की। एसपी सिटी ने भी इन लोगों से बात की। शाम ढले ये लोग राजी हुए भी तो डीजे बंद करके ले जाने की शर्त पर, हालांकि इनकी बस्ती तक डीजे आने से पहले ही बवाल हो गया।
पुलिस ने जोगी नवादा की घटना के बाद मौके से कुछ कांवड़ियों व हंगामा करने वालों को हिरासत में लिया था। बारादरी थाने में करीब छह सात लोग पकड़े लिए गए थे और इनसे पूछताछ की जा रही थी। भाजपा सांसद गंगवार, कैंट विधायक संजीव अग्रवाल आदि ने अधिकारियों से बात कर कांवड़ियों को बारादरी थाने से छुड़वा दिया।