उत्तर प्रदेश के पीलीभीत जिले के गजरौला थाना इलाके के गांव बानगंज में सोमवार शाम नाली विवाद की सूचना पर पहुंची पुलिस पर हमला कर दिया गया। इसमें कई सिपाहियों ने भाग कर जान बचाई जबकि चौकी इंचार्ज को हमलावरों ने बंधक बना लिया। आधे घंटे तक हमलावरों के कब्जे में चौकी इंचार्ज रहे।
जब थाने से फोर्स आई तब वह छूट पाए। इस दौरान लाठी डंडे भी चले। चौकी इंचार्ज की तहरीर पर गजरौला थाने में नौ नामजद और 15-20 अज्ञात पर रिपोर्ट दर्ज की गई है। पुलिस ने नामजद नौ को गिरफ्तार कर कोर्ट भेजा जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।
गजरौला थाना क्षेत्र के गांव बानगंज में दो पक्षों में पानी की निकासी को लेकर नाली का विवाद चल रहा है। एक पक्ष ने सोमवार शाम सात बजे पीआरबी 112 पर कॉल कर दी। पीआरबी मौके पर पहुंची पर विवाद नहीं निपटा। इसके बाद जरा कोठी चौकी इंचार्ज जितेंद्र सिंह फ़ोर्स के साथ नाली के विवाद की सूचना पर गए थे। मौके पर चालीस पचास लोग एकत्र थे। जब पुलिस ने हस्तक्षेप किया तो कुछ लोग उग्र हो गए।
प्रत्यक्षदर्शी बताते हैं कि विवाद बढ़ने के बाद पुलिस ने एक युवक पर डंडा चला दिया। इसके बाद लोग भड़के तो हालात बिगड़ गए। कुछ लोगों ने पुलिसकर्मियों पर हाथ उठा दिया। एक व्यक्ति ने अलाव से जलती हुई लकड़ी से चौकी इंचार्ज जितेंद्र सिंह पर हमला कर दिया। एक महिला ने डंडा चला दिया।
खींचतान और मारपीट शुरू हो गई। इसमें चौकी इंचार्ज की वर्दी फट गई। हेड कांस्टेबिल अनिल सुमन और कांस्टेबिल मोहित पाल भी डंडे की चोट से घायल हो गए। पुलिस को जान बचाना मुश्किल हो गया। कुछ पुलिसकर्मियों को भागकर जान बचानी पड़ी।
पुलिस पर हमले की रिपोर्ट दर्ज की गई है। महिला समेत 9 लोगों को गिरफ्तार किया है। हमला करने के बाद जो लोग भागे हुए हैं उनकी तलाश में दबिश दी जा रही है।
- दिनेश कुमार पी, पुलिस अधीक्षक
इन लोगों दर्ज हुई रिपोर्ट
एसआई जितेंद्र कुमार की ओर से गांव बानंगज निवासी सालिग राम, मुनेश, राजबाबू, विक्रम पाल, लौंगा देवी, वीरपाल, रीना देवी, ओम प्रकाश, पंकज समेत 15 से 20 अज्ञात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।