ये आरोपी हो चुके हैं गिरफ्तार
जांच में पता चला कि इनके गिरोह में हरियाणा के कुरुक्षेत्र जिले के लाडवा थाने के गांव सोंटी निवासी गुरमेल सिंह, मणिपुर के जिला सेनापति के एच सोन्टो, असम के जिला कारवीं आमलोंग के थाना बोकोजान निवासी विमोद कर्माकर और पश्चिम बंगाल के थाना वैष्णो नगर मालदा के मोहल्ला टेटीचाई पारा निवासी तोहद्दुल शेख शामिल हैं। इनमें गुरमेल सिंह मथुरा में तीन किलो अफीम के साथ जुलाई में गिरफ्तार हो गया था। वहीं एच सोन्टो, विमोद कर्माकर और तोहद्दुल शेख नगालैंड दीमापुर में गिरफ्तार हो चुके थे।
गुवाहाटी जेल में गिरोह से हो गई दोस्ती
बारादरी थाना प्रभारी धनंजय पांडेय ने बताया कि तीनों आरोपियों की निशानदेही पर बारादरी क्षेत्र में छापेमारी की गई। तीनों ने गुरप्रीत और जगजीत के बारे में नगालैंड पुलिस को बताया था। नगालैंड पुलिस ने लखनऊ एनएनटीएफ मुख्यालय से इनपुट साझा किया। इसके आधार पर विमोद कर्माकर की पत्नी प्रियंका दास का मोबाइल नंबर सर्विलांस पर लगाकर पीलीभीत बाइपास से गिरफ्तार किया था और मेगा सिटी से सिमरन को पकड़ा था। तब से भूमिगत हुए जगजीत और गुरप्रीत कुछ दिन पहले सरेंडर कर जेल जा चुके हैं।
मथुरा और नगालैंड में गिरफ्तार हुए तस्करों को यहां एनडीपीएस कोर्ट में तलब किया गया है। जगजीत और गुरप्रीत को रिमांड पर लेकर पूछताछ की जाएगी। दोनों भाई असम, पश्चिम बंगाल और हरियाणा के तस्करों से मादक पदार्थ मंगाकर कैफे की आड़ में सप्लाई करते थे। जगजीत तस्करी के मामले में गुवाहटी जेल में बंद रहा था। वहीं गिरोह में शामिल लोगों से उसकी दोस्ती हो गई थी।