फर्जी नियुक्ति पत्र थमाया
आरोपियों से बात करने पर उन्होंने कहा कि चुनाव आचार संहिता के कारण नियुक्ति में देरी हो रही है। आचार संहिता खत्म होने के बाद भी बेटे की नौकरी नहीं लगने पर आरोपियों से संपर्क किया तो उन्होंने राजस्व परिषद के सचिव का तबादला होने की बात कहते हुए 1.10 लाख रुपये और मांगे। 17 अप्रैल 2026 को शुभम के नाम से फिर एक फर्जी नियुक्ति पत्र दे दिया। इंटरनेट के जरिये शुभम ने पड़ताल की तो ठगी का मालूम पड़ा। इंस्पेक्टर ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।