वरिष्ठ बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. अतुल अग्रवाल के मुताबिक मौसम में बदलाव के कारण बच्चों की सेहत बिगड़ रही है। ओपीडी में पहुंच रहे ज्यादातर बच्चों में सर्दी, बुखार के साथ निमोनिया के लक्षण भी मिल रहे हैं। जिला अस्पताल में सोमवार को छह बच्चे भर्ती हुए, इनमें दो निमोनिया संदिग्ध रहे। अन्य बच्चे बुखार और डायरिया से पीड़ित हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि चीन में इंफ्लूएंजा वायरस आरएसवी और एचएमपीवी का आउटब्रेक है। देश में भी कई संदिग्ध मरीज मिले हैं। लिहाजा, सतर्कता बेहद जरूरी है। बता दें कि देश में सोमवार को एचएमपीवी से पांच बच्चे संक्रमित मिले।
संबंधित खबर- Human Metapneumovirus: घबराने की जरूरत नहीं, कोरोना जैसे तेजी से नहीं फैलता वायरस; 2001 में पहली बार खोजा गया
इस वायरस से घबराने की जरूरत नहीं- स्वास्थ्य मंत्रालय
चीन के बाद ह्यूमन मेटान्यूमोवायरस (एचएमपीवी) ने भारत ने भी दस्तक दे दी है। देशभर में पांच बच्चे संक्रमित मिले हैं। नई दिल्ली स्थित भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) की जांच के बाद इन बच्चों को संक्रमित घोषित किया गया। स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, सभी की हालत स्थित है और इस वायरस से घबराने की जरूरत नहीं है।