नवाबगंज। कोर्ट के आदेश पर चुनुआ गांव के तेजपाल ने संपत्ति हड़पने और उनके भाई कुंवरसेन की हत्या करने के आरोप में भाभी और ग्राम प्रधान समेत चार लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। आरोप है कि उपनिरीक्षक ने पंचनामा भरने में भी लापरवाही बरती थी।
तेजपाल ने थाना नवाबगंज में बताया कि वह पीलीभीत में रहकर काम करते हैं। उनके भाई कुंवरसेन गांव में रहते थे। उन्होंने अमरावती से 10 साल पहले दूसरी शादी की थी। दंपती की एक बेटी और बेटा का जन्म हुआ। आरोप है कि भाभी अमरावती के गांव के धर्मेंद्र से संबंध बने तो वह जेवरात और बच्चों को लेकर उसके पास चली गई। प्रधान ने 2025 में अमरावती का कुंवरसेन से राजीनामा कराया था। इसके लिए कुंवरसेन से 20,000 रुपये लिए थे। कुछ दिन बाद अमरावती लौटी लेकिन जेवरात साथ नहीं लाई। इसपर दंपती के बीच विवाद होता था।
तेजपाल के मुताबिक, 12 फरवरी 2026 को कुंवरसेन का शव फंदे से लटका मिला। आरोप है कि ग्राम प्रधान हेतराम, अमरावती, चोखेलाल और धर्मेंद्र ने कुंवरसेन की हत्या की। पुलिस को सूचना दी तो उपनिरीक्षक ने घर न आकर शव को थाने मंगवाया। वहां पंचनामा भरा। ग्राम प्रधान का नाम हटाने की शर्त पर रिपोर्ट दर्ज करने का आश्वासन दिया। नवाबगंज थाने में रिपोर्ट दर्ज न होने पर कोर्ट की शरण ली।
इंस्पेक्टर अरुण कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि कोर्ट के आदेश पर चार आरोपियों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज की गई है। जांच में मिले तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।