बरेली। आंगनबाड़ी केंद्रों का सच भी मंगलवार को सामने आ गया। बाल और पुष्टाहार विभाग की ओर से छापे मारे गए तो 10 केंद्र बंद पाए गए। नौ आंगनबाड़ी कार्यकत्री और 10 सहायिकाएं गैरहाजिर मिलीं। सभी को सेवा समाप्ति का नोटिस दिया गया है।
जिला कार्यक्रम अधिकारी ने 25 लोगों की सात टीमें बनवाकर मंगलवार को 65 केंद्रों का निरीक्षण कराया। सुभाषनगर, बिथरीचैनपुर का मोहरनियां, फरीदपुर का मानपुर, नवाबगंज का अहमदाबाद, शेरगढ़ का इटौआ आंगनबाड़ी केंद्र बंद मिला। आलमपुर जाफराबाद के कुढ्डा गांव में तीनों और सेंधा गांव के दोनों केंद्र बंद पाए गए। शहर में रेनूवाला, बिथरीचैनपुर में मंजू देवी, संदीप, भुता में शगुफ्ता, दर्शना, मीरगंज में कुसुमा, फरीदपुर में मीरादेवी, नवाबगंज में कुसुम, ओमवती, शेरगढ़ में सपना, ज्ञानवती और आलमपुर जाफराबाद में राजेश, रेखा, आराधना, सविता, मीना, पूनत, रामवती, विमला, चमेली अपने-अपने केंद्रों से गैरहाजिर मिलीं। जिला कार्यक्रम अधिकारी राजेश कुमार ने बताया कि बंद केंद्रों के लिए आंगनबाड़ी कार्यकत्री और गैरहाजिर सभी कार्यकत्रियों, सहायिकाओं को नोटिस देकर सप्ताह भर में जवाब मांगा गया है।