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ले रहे हैं 1500, रसीद दे रहे हैं 8 सौ की

Wed, 22 Jan 2014 05:53 AM IST
Bareilly
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बरेली। मंगलवार को तहसील दिवस पर सदर तहसील में 30 शिकायतें पहुंचीं, लेकिन इनमें से एक का भी निस्तारण नहीं हो पाया। गांव धौरेरा माफी से पहुंचे लोगों ने बिजली विभाग के कर्मियों की जोर-जबर्दस्ती की शिकायत की तो अधिकारी भी हतप्रभ रह गए। गांव वालों का कहना था कि नए बिजली कनेक्शन के लिए आवेदकों से 15 सौ रुपये लिए जा रहे हैं, लेकिन उन्हें रसीद 810 की ही दी जा रही है। एडीएम सिटी आरपी सिंह ने अधिशासी अभियंता को शिकायत की जांच का निर्देश देते हुए कार्रवाई से आवेदकों को भी अवगत कराने को कहा।
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धौरेरा माफी के लोगों ने बताया कि इज्जतनगर क्षेत्र की महानगर कालोनी, सिल्वर स्टेट, आशुतोष सिटी, सृजन स्टेट, छोटी विहार आदि इलाके हैं तो ग्रामीण क्षेत्र में लेकिन वहां शहरी बिजली दी जाती है। इसी आधार पर उन्होंने मांग की तो महीने भर पहले तय हुआ कि उनके गांव को भी रिठौरा फीडर से बिजली आपूर्ति दी जाएगी, लेकिन रिठौरा फीडर से अब तक सप्लाई नहीं की जा रही है। लोगों ने आरोप लगाया कि विभागीय इंजीनियर इस बात पर भी नाराज हो गए कि उनकी पहल से उन्हें कटिया से शहरी बिजली दिलाने से जो कमाई हो रही थी, वह मारी गई। शिकायत करने वालों में रवींद्र नाथ सागर, प्रमोद कुमार, रियाजुल, महेंद्र पाल, विशाल, महेश बाबू, नसीर अहमद आदि शामिल थे। तहसील दिवस पर एसडीएम सदर रजनीश राय, तहसीलदार गिरीश कुमार झा, दिग्विजय सिंह आदि मौजूद थे।

बीच सड़क रखी हैं भट्टियां
बरेली (ब्यूरो)। पीर बहोड़ इलाके से आए लोगों ने शिकायत की कि पीर बहोड़ा से पीलीभीत रोड जाने वाले मुख्य मार्ग पर दो हलवाइयों ने अपनी भट्टियां लगा रखी हैं। उस पर कड़ाहों में तेल खौलता रहता है। हाल ही में एक साइकिल सवार उससे टकराकर झुलस गया था। इस रास्ते पर संख्या में वाहनों और लोगों की आवाजाही रहती है और कभी भी दुर्घटना घट सकती है। इस मामले ेमं अपर नगर आयुक्त को कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया।
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बभिया में चकबंदी पूरी कराने की मांग
बरेली (ब्यूरो)। बभिया गांव से आए कुलवंत, हीरालाल, लालाराम, रामबहादुर आदि ने शिकायत की कि उनके गांव में चकबंदी का दो तिहाई काम पूरा नहीं हो पाया। इससे छोटे किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बड़े किसान नए चक के साथ पुराने चक पर भी काबिज हैं। इसमें जाट रेजीमेंट भी है जिसके खाते में पहले करीब 150 बीघे की खेती थी लेकिन अब वह 200 बीघे से ज्यादा पर खेती कर रहा है। मुख्य चकबंदी अधिकारी को इस प्रकरण में नियमानुसार कार्रवाई करके आख्या देने का आदेश दिया गया है।
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