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पूर्व मंत्री के रिश्तेदारों को बचाने की कोशिश

Thu, 19 Sep 2013 05:39 AM IST
Bareilly
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बरेली। कोचिंग संचालक की हत्या के मामले में पुलिस पूर्व मंत्री के रिश्तेदारों को बचाने की कोशिश कर रही है। गवाहों का कहना है कि पुलिस उन्हें धमकाकर सुशील नटिया को ही सुरेंद्र को गोली मारने वाला साबित करने में जुटी है। बाकी लोग तो उसके साथ थे। सुरेंद्र यादव की मां के साथ गवाह बृहस्पतिवार को एसएसपी से मिलकर अपना दर्द सुनाएंगे। उधर एसएसपी द्वारा घटना का खुलासा करने के लिए पांच दिन का समय देने के 48 घंटे बाद भी पुलिस किसी की गिरफ्तारी नहीं कर पाई है।
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कोतवाली इलाके में बीकानेरी के पास 30 अगस्त की रात मढ़ीनाथ निवासी कोचिंग संचालक सुरेंद्र यादव की हत्या कर दी गई थी। इस दौरान उसके साथ मौजूद सिपाही के बेटे अजय और पुजारी के बेटे अभिषेक ने हत्यारोपियों के नाम बता दिए थे। लेकिन पुलिस ने अभी तक इस मामले में किसी के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की है। इससे आहत होकर सुरेंद्र की मां महारानी अपने परिवार के साथ एसएसपी के पास पहुंच गई। महारानी ने बिलखते हुए बताया कि उसके बेटे की हत्या नेकपुर निवासी सुमित यादव, राकेश यादव, रिकूं ठाकुर, सुनील नाटिया, हसीना, विक्का और नानू ने की है। इस पर एसएसपी ने कोतवाली पुलिस को पांच दिन में घटना का खुलासा करने को कहा था। लेकिन 48 घंटे बाद भी अभी तक पुलिस ने इस मामले में किसी की गिरफ्तारी नहीं की है। गवाहों का कहना है कि पुलिस मुल्जिमों को पकड़ने के बजाए उन पर दबाव बना रही है। सुरेंद्र की मां को फोन करके गवाहों ने अपने घर बुलाकर उन्हें पुलिस द्वारा डाले जा रहे दबाव की जानकारी दी। गवाहों ने बताया कि पुलिस किसी भी हाल में पूर्व मंत्री के रिश्तेदारों को बचाना चाहती है। इसीलिए अभी कि सी की गिरफ्तारी नहीं हो पाई है।



सुरेंद्र का घर छोड़ गई पत्नी
बरेली। कोचिंग संचालक की मौत के बाद उसकी पत्नी संजना यादव उसका घर छोड़ गई। बुधवार को उसके परिवार वाले उसे अपने साथ ले गए हैं। थाना बहेड़ी के ग्वारी पचपेड़ा निवासी ओमप्रकाश यादव की बेटी संजना यादव से सुरेंद्र की चार महीने पहले ही शादी हुई थी। सुरेंद्र की मां महारानी ने बताया कि पति की हत्या के बाद यह लग रहा था कि संजना उनके साथ ही रहेगी। बुधवार को उसके परिवार वाले आए तो उसने संजना से ही यह पूछने के लिए कह दिया कि वह यहां रहना चाहेगी या मायके जाएगी। इस पर संजना ने कहा कि सुरेंद्र ही नहीं रहे तो वह यहां क्या करेगी। अचानक उसका फैसला सुनकर वह भी हैरान रह गई। महारानी के मुताबिक संजना के परिवार वाले उसका दहेज का सामान भी ले गए हैं।
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