‘दंपती से परिवार और परिवार से बनता है समाज, इसे टूटने न दें’
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बदायूं। अमर उजाला फाउंडेशन के अपराजिता-100 मिलियन स्माइल्स कार्यक्रम के तहत शनिवार को राजकीय कन्या इंटर कॉलेज में ‘परिवार समन्वय’ विषय पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें मुख्य अतिथि गिंदो देवी महिला महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. गार्गी बुलबुल ने कहा कि दंपती से परिवार और परिवार से समाज बनता है। जब परिवार या समाज टूटता है तो बड़ा दुख होता है। हम सबका कर्तव्य है कि अपनी मुख्य कड़ी परिवार को बांधकर प्रेम सद्भाव बनाए रखें और यही शिक्षा अपने बच्चों को भी दें।
शनिवार को हुए कार्यक्रम में प्राचार्य डॉ. गार्गी बुलबुल ने कहा कि महिला यानी मही (पृथ्वी) को हिला देने वाली, आज के दौर में क्या नहीं कर सकती। शादी से पहले मायका और फिर बाद में ससुराल संभालती है। अपने बच्चों का पालन-पोषण करती है। पूरे परिवार के भोजन, शिक्षा, स्वास्थ्य सबका ध्यान रखती है। खेतीबाड़ी से लेकर देश की सेवा तक महिलाएं कर रहीं हैं, लेकिन आज के परिदृष्य में पारिवारिक मामले भी बढ़ रहे हैं। छोटी-छोटी बातों से दांपत्य जीवन पर ग्रहण लग रहा है। इससे परिवार टूट जाते हैं। महिला को सहनशील माना जाता है। अगर वह अपने परिवार में प्रेम और सद्भाव बढ़ाएं तो शायद परिवार नहीं टूटेें।
महिला थाना एसओ शर्मिला शर्मा ने कहा कि परिवार टूटने से बचाने में परिवार परामर्श केंद्र का बड़ा योगदान है। कोशिश रहती है कि दंपती हंसी खुशी रहें और आने वाली शिकायतें वहीं निपट जाएं। राजकीय कन्या इंटर कॉलेज की प्रधानाचार्य अल्पना कुमार ने बताया कि महिलाएं नहीं होतीं तो सृष्टि की रचना नहीं होती। आज हर क्षेत्र में इनका योगदान है लेकिन इनके लिए सबसे पहले परिवार है। इस जीवन में उन्हें हर रिश्ते निभाने पढ़ते हैं।