बरेली। बरेली कॉलेज मैनेजमेंट विवाद में मंगलवार को हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। कोर्ट ने दोनों पक्षों से जवाब दाखिल करने को कहा है। अगली सुनवाई 25 मार्च को होगी। बताया जा रहा है कि अगली सुनवाई में काफी कुछ साफ होने की उम्मीद है, क्योंकि विश्वविद्यालय बायलॉज संशोधन के नियम और पिछले चुनाव समेत कई दस्तावेज कोर्ट में पेश करने की तैयारी में है। वहीं, मैनेजमेंट को भी अपने सारे रिकॉर्ड पेश करने होंगे।
कमिश्नर की ओर से बरेली कॉलेज में अंतरिम सचिव बैठाने के बाद मैनेजमेंट ने कोर्ट से स्टे ले लिया। 21 फरवरी को सुनवाई होनी थी, लेकिन केस का नंबर नहीं आ सका था। मंगलवार को हुई सुनवाई में दोनों पक्षों के वकीलों ने अपनी बात रखी। विश्वविद्यालय के वकील ने मौखिक तौर पर सारे तथ्य कोर्ट के सामने रखे। सुनवाई के बाद कोर्ट ने दोनों पक्षों से एफिडेविट पर अपना जवाब दाखिल करने को कहा। इस केस में विश्वविद्यालय के साथ शासन और प्रशासन को भी पार्टी बनाया गया है, इसलिए उनको भी अपना जवाब दाखिल करने को कहा गया है। अगली सुनवाई 25 मार्च को होगी।
विवि एक और वकील लगाने की तैयारी में
बरेली कॉलेज मैनेजमेंट विवाद में विश्वविद्यालय भी पीछे हटने के मूड में नही है। अब तक एक ही वकील पैरवी कर रहा था, लेकिन अब विश्वविद्यालय एक और वकील लगाने पर विचार कर रहा है। प्रो. एके जेटली ने बताया कि एक वकील लगाने को लेकर कुलपति की अनुमति के बाद कदम उठाया जाएगा।