बरेली। पंडित राधेश्याम कथावाचक स्मृति समारोह में बुधवार को श्री रामलीला सभा सुभाष नगर के कलाकारों ने परशुराम-लक्ष्मण संवाद का मंचन किया। शुरुआत लंकापति रावण-बाणासुर संवाद से हुई जिसके बाद रावण ने प्रतिज्ञा ली कि वह धनुष तो नहीं तोड़ सका लेकिन एक दिन सीता को लंका अवश्य ले आएगा।
इसके बाद सीता स्वयंवर, परशुराम का आगमन पर लक्ष्मण से संवाद का मंचन हुआ। प्रभु श्रीराम ने अपने वक्ष स्थल पर चरण दिखाकर परशुराम के क्रोध को शांत किया। जनक का किरदार आशीष अरोड़ा, विश्वामित्र का शोभित शर्मा, सीता का कुमारी प्रीति, बंदीगढ़ का ओमप्रकाश कश्यप ने अभिनय किया। प्रकाश व्यवस्था मनोज राजपूत की रही। व्यवस्था आलोक तायल व नाटक का निर्देशन अखिलेश सिंह केसर ने किया। मंचन के दौरान डीएम वीके सिंह भी मौजूद रहे।