बरेली। सप्ताह भर के अंदर मंगलवार को दूसरी बार ऐसा हुआ जब 24 घंटों के अंदर कोरोना संक्रमितों की तादाद 50 फीसदी से भी ज्यादा बढ़ गई। सोमवार को जिले में 179 केस मिले थे लेकिन मंगलवार को यह आंकड़ा 328 पर पहुंच गया। हालात खौफनाक होने की नौबत तक पहुंच गए हैं लेकिन फिर भी लोग संभलने को तैयार नहीं हैं। सड़कों और सार्वजनिक स्थानों से लेकर सरकारी दफ्तरों तक भीड़भाड़ के बीच कोरोना से बचाव के इंतजाम और एहतियात का कोई अता-पता नहीं दिख रहा है।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से मंगलवार को जारी रिपोर्ट में केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार, मीरगंज विधायक डीसी वर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष पवन शर्मा, एडीएम प्रशासन वीके सिंह, निर्वाचन ड्यूटी कर रहे आरओ, एआरओ और सेक्टर मजिस्ट्रेट समेत तमाम ऐसे लोग शामिल हैं जो पंचायत चुनाव के सिलसिले में हाल के दिनों में लगातार भीड़भाड़ के संपर्क में थे। आम लोगों में भी कोरोना की तरफ से पूरी बेफिक्री दिख रही है। बाजारों में हमेशा की तरह बेशुमार भीड़भाड़ है। सामाजिक-धार्मिक आयोजनों के साथ सरकारी दफ्तरों में भी लोग कोरोना से बचाव के संसाधनों के बगैर पहुंच रहे हैं। संजय कम्युनिटी हॉल में पंचायत चुनाव के लिए कई दिन चले मतदान प्रशिक्षण में भी कोविड प्रोटोकॉल की अफसरों के सामने ही धज्जियां उड़ाई गई हैं।
स्थिति कितनी भयावह है, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि जिले के कोविड अस्पतालों में सभी वेंटिलेटर बेड कई दिनों से फुल हैं। रेमडेसिविर इंजेक्शन की उपलब्धता भी शून्य है यानी गंभीर संक्रमितों की जान बचाने की उम्मीद न के बराबर है लेकिन फिर भी प्रशासन और पुलिस की तरफ से कोरोना की रोकथाम के लिए कोई सख्त कोशिश होती नहीं दिख रही है।
वैक्सीन की पहली डोज के
बाद भी संक्रमित हुए संतोष
केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार और उनकी पत्नी सौभाग्यवती गंगवार कोरोना वैक्सीन की पहली डोज लगवा चुके थे लेकिन फिर भी संक्रमित हो गए। संतोष हाल ही में कई कार्यक्रमों के साथ पंचायत चुनाव की तैयारी के लिए कार्यकर्ताओं की कई बैठकों में भी शामिल हुए थे। उन्होंने सोशल मीडिया पर खुद के होम आइसोलेशन पर होने की जानकारी देते हुए संपर्क में आने वालों को एहतियातन जांच कराने की अपील की है।
एक ही दिन में तीन लोगों की मौत से
हिला स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन
बरेली। करीब आठ महीने बाद एक ही दिन में कोविड अस्पतालों में भर्ती तीन संक्रमितों की मौत की खबर से प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है। तीनों मौत का डाटा पोर्टल पर दर्ज नहीं किया गया है लिहाजा अफसर अभी इस पर कुछ बोलने को तैयार नहीं हैं। हालांकि स्वास्थ्य विभाग ने संक्रमितों से होम आइसोलेशन का कड़ाई से पालन करने की अपील जरूर की है।
मंगलवार सुबह सबसे पहले रेलवे के सीनियर सेक्शन इंजीनियर की मौत हुई। दोपहर में भोजीपुरा कोविड एल-3 अस्पताल में भर्ती बरेली कॉलेज के एक शिक्षक की संक्रमित पत्नी ने भी दम तोड़ दिया। इसके बाद गुलाबनगर में रहने वाली एक संक्रमित महिला की भी मौत हो गई। अस्पताल प्रशासन ने मृतकों के परिवार वालों और प्रशासन को कोविड प्रोटोकॉल के तहत तीनों शवों की अंत्येष्टि करने की जानकारी दी है।
अफसरों ने लोगों से संपर्क में आने वालों को आरटीपीसीआर जांच कराने और जांच रिपोर्ट आने तक एहतियातन होम आइसोलेशन में रहने को कहा है। एसीएमओ डॉ. रंजन गौतम ने बताया कि संक्रमितों के संपर्क में आए लोगों की तलाश सर्विलांस टीमें कर रही हैं। उन्होंने लोगों से सही जानकारी देने की अपील की है ताकि संक्रमितों को तेजी से ट्रेस किया जा सके। स्वास्थ्य विभाग की सूची में बुलंदशहर, बदायूं, गोरखपुर और पिथौरागढ़ के एक-एक व्यक्ति शामिल हैं। जो किसी काम से बरेली आए थे और एहतियातन जांच कराई थी।
4000 सैंपल की जांच में 328 संक्रमित
मंगलवार को आरटीपीसीआर, ट्रूनेट और एंटीजन से हुई करीब चार हजार सैंपल की जांच हुई थी। इसमें 328 लोगों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई जबकि सोमवार को 179 संक्रमित मिले थे।
पुलिस और कई सैन्यकर्मी भी संक्रमित
स्वास्थ्य विभाग की ओर से जारी संक्रमितों की सूची में थाना कोतवाली के एक पुलिसकर्मी, आईटीबीपी के जवान समेत दो सैन्यकर्मी और एक पूर्व सैनिक शामिल हैं। सीएमओ, पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड, तहसील परिसर, जिला जेल के एक, एफसीआई के सात कर्मचारी संक्रमित मिले। प्रेमनगर, डीडीपुरम और मुंशीनगला स्थित अस्पतालों में स्टाफ और मरीज समेत सात-सात संक्रमित मिलने से हड़कंप मच गया है।
इन इलाकों में संक्रमण की रफ्तार तेज
मुंशीनगला, सीबीगंज, मॉडल टाउन, महानगर, राजेंद्र नगर, गंगानगर बदायूं रोड, मारवाडी गंज, प्रेमनगर, अरसाना रेजीडेंसी, गुजराल अपार्टमेंट, कर्मचारी नगर, बक्सरिया, गांधीपुरम, नवाबगंज, बजरिया पूरनमल, सनराइज इंक्लेव, ग्रीन पार्क, इंदिरा पुरम आदि इलाके शामिल हैं। स्वास्थ्य विभाग ने इन इलाकों में नए मिले संक्रमितों के आवास के पास कन्टेनमेंट जोन बनाकर सर्वे और ट्रेसिंग के निर्देश दिए हैं।