मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ रविवार को तीन घंटे बदायूं में रहे। इस दौरान ताबड़तोड़ तीन बैठक कीं। इनमें ब्रज क्षेत्र के जनप्रतिनिधि, भाजपा पदाधिकारी जिले के अधिकारी शामिल रहे। बैठक में भ्रष्टाचार पर रोक, पार्टी नेताओं और अफसरों के बीच तालमेल मुख्य मुद्दा रहा। बैठक के दौरान स्वास्थ्य विभाग, बिजली, तहसील, थाने और ब्लाक उनके निशाने पर रहे। इस दौरान उन्होंने भ्रष्ट अफसरों को सुधरने की हिदायत दी।
तय कार्यक्रम के अनुसार मुख्यमंत्री को दिन में 2.15 बजे आना था, लेकिन वह 1:38 घंटे विलंब से पहुंचे। कम समय होने की वजह से औपचारिक कार्यक्रमों से बचे। उन्होंने कहा कि समय कम है इसलिए पहले जरूरी काम निपटाए जाएं। अपनी इस बात को भी उन्होंने उजागर किया कि वह बदायूं में कुछ समय देना चाहते हैं, लेकिन समय ने बांध दिया है। वह शाम 3.53 बजे हेलीकाप्टर से बदायूं पुलिस लाइन पहुंचे। वहां से 4:00 बजे कलक्ट्रेट पहुंचे। पहली बैठक ब्रज क्षेत्र के भाजपा सांसदों और विधायकों के साथ हुई। इसमें सीएम ने जनप्रतिनिधियों के केंद्र और राज्य सरकार की जन उपयोगी योजनाओं के प्रचार प्रसार न करने पर असंतोष जताया। जनप्रतिनिधियों ने विकास का एजेंडा देने के साथ जिले में तैनात कुछ अफसरों के भ्रष्टाचार में लिप्त होने की शिकायत की। कुछ अफसरों के असहयोग करने की बात भी कही।
दूसरी बैठक 5:05 बजे शुरू हुई। इसमें शामिल रहे समन्वय समिति के जिला पदाधिकारियों ने पुलिस और अफसरों पर भाजपा कार्यकर्ताओं को नजरअंदाज करने का आरोप लगाया। कहा, इससे कार्यकर्ताओं का मनोबल गिरता है। इस पर सीएम ने कहा कि अफसर अपने कार्य में सुधार नहीं लाएंगे तो कार्रवाई की जाएगी। पदाधिकारी और कार्यकर्ता सरकार की योजनाओं को घर-घर पहुंचाएं।
तीसरी बैठक 5:35 बजे शुरू हुई। इसमें डीएम दिनेश कुमार सिंह ने जिले में हुए विकास कार्यों का लेखाजोखा पेश किया, जिस पर सीएम संतुष्ट दिखे। सीएम ने साफ कहा कि तहसीलों, थानों और ब्लॉकों में भ्रष्टाचार की शिकायतें मिल रही हैं, जिन्हें दूर किया जाए। थाने का चार्ज ईमानदार को मिले, चाहे वह किसी जाति धर्म का हो। सरकारी अस्पताल में व्यवस्थाएं खराब हैं। यहां जिला अस्पताल में कंधे पर लाश ले जाने की शिकायत मिली थी, जो बेहद गंभीर है। बिजली विभाग के स्टोर से सामान देने के लिए घूस ली जाती है। रुपये न देने वाले को आधा अधूरा सामान दिया जाता है। बेसिक शिक्षा विभाग में घूस लेकर ट्रांसफर पोस्टिंग होने के साथ छुट्टी देने के रुपये लिए जाते हैं। इस सब पर उन्होंने कड़ी नाराजगी जताई और इसे रोकने के कड़े निर्देश दिए। शाम 6:40 बजे अफसरों की मीटिंग खत्म हुई। 6:44 बजे सीएम कलक्ट्रेट से रवाना हुए। 6:56 बजे वह पुलिस लाइन से हेलीकाप्टर से रवाना हो गए। बैठक में एडीजी प्रेम प्रकाश, कमिश्नर पीवी जगमोहन, आईजी डीके ठाकुर, एसएसपी अशोक कुमार शर्मा, एडीएम प्रशासन अजय कुमार श्रीवास्तव, एडीएम फाइनेंस महेंद्र सिंह, सीडीओ संदीप कुमार, एसपी सिटी जितेंद्र कुमार श्रीवास्तव, एसपी देहात डॉ. एसपी सिंह आदि मौजूद रहे।