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कोरोना प्रभावित इलाकों से आए 300 मजदूर बिना जांच घर भेजे

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Corona rajasthan - फोटो : PTI
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सुबह स्वास्थ्य विभाग की टीम सैंपल लेने पहुंची तो हुई मामले की जानकारी
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प्रशासन ने घर में क्वारंटीन करने का किया दावा

फरीदपुर। मुंबई समेत कोरोना संक्रमण से सर्वाधिक प्रभावित इलाकों से आए 300 मजदूरों के फरीदपुर के फ्यूचर कॉलेज शेल्टर होम से घर भेजे जाने से हड़कंप मच गया है। मामला तब खुला जब स्वास्थ्य विभाग की टीम मजदूरों के पूल सैंपल लेने शेल्टर होम पहुंची। हालांकि प्रशासन सभी को घरों पर क्वारंटीन करने की बात कह रहा है।
मुंबई समेत कई स्थानों से करीब 300 प्रवासी मजदूर फरीदपुर के फ्यूचर कॉलेज शेल्टर होम में ठहरे थे। इसके बाद भी लगातार प्रवासी मजदूर भी आ रहे हैं। प्रशासन उनको भी फ्यूचर कॉलेज शेल्टर होम भेज रहा है। अधिकतर मजदूर उन राज्यों से आ रहे हैं, जहां पर कोरोना संक्रमण अधिक फैला हुआ है इसलिए पूल टेस्ट होना बेहद आवश्यक है। नियमत: पूल टेस्ट निगेटिव आने के बाद ही मजदूरों को होम क्वारंटीन किया जाता है। बावजूद इसके यहां ठहरे अन्य तहसीलों के 300 मजदूरों को बुधवार दोपहर घर भेज दिया गया। बृहस्पतिवार की सुबह स्वास्थ्य विभाग की टीम जब इनके सैंपल लेने पहुंची तो 74 मजदूर ही मिले, इनमें बीस लोगों के पूल सैंपल लिए गए। 300 मजदूरों के बिना टेस्ट घर जाने से प्रशासन में हड़कंप मच गया है।
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हमले के डर से स्वास्थ्य कर्मियों ने घर-घर जाकर सैंपल लेने से किया मना
मजदूरों को घर भेजने के बाद से स्वास्थ्य विभाग की नींद उड़ गई है, स्वास्थ्य विभाग अब इन मजदूरों की सूची बनाकर उनके घर जाकर सैंपल लेने की तैयारी कर रहा है। वहीं हमले के डर से स्वास्थ्य कर्मियों ने गांव में जाकर सैंपल लेने से इनकार कर दिया है। हालांकि बाद में वे मान गए। फरीदपुर के अलावा इन मजदूरों में अन्य तहसीलों के लोग भी हैं, जिनसे संक्रमण फैलने का खतरा बना हुआ है।

गांवों में भी संक्रमण फैलने का खतरा

फरीदपुर के शेल्टर होम से लगभग 300 प्रवासी मजदूरों को बिना पूल टेस्ट के भेज दिया गया, यदि अन्य तहसीलों ने भी टेस्ट नहीं करवाए तो गांव में भी संक्रमण फैलने का खतरा बढ़ सकता है। पंजाब, हरियाणा, दिल्ली आदि राज्यों से आने वाले लोगों को पहले प्रशासन पकड़कर क्वारंटीन कर देता था, लेकिन प्रवासी मजदूरों की बढ़ती संख्या के बाद प्रशासन ने आंखें फेर ली हैं।

प्रशासन ने जिनको पूल टेस्ट के लिए कहा, उनके टेस्ट कर दिए गए। लगभग 300 प्रवासी मजदूर शेल्टर होम से चले गए हैं। उनका पूल टेस्ट नहीं हुआ है। तहसील से लिस्ट लेकर फरीदपुर के लोगों का टेस्ट कराया जाएगा।
- डॉ. बासित अली, सीएचसी अधीक्षक फरीदपुर
सबका टेस्ट कराना संभव नहीं है, इसलिए कुछ लोगों का टेस्ट करवाया गया है। जो लोग तहसीलों में भेजे गए हैं वह घरों में क्वारंटीन रहेंगे।
- विशु राजा, एसडीएम फरीदपुर

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