ढाई साल में चौड़ा नहीं हो पाया 30 किमी रोड
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बरेली- सितारगंज मार्ग। लंबाई- 75 किलोमीटर। पीलीभीत से होकर सितारगंज (उत्तराखंड) तक एनएचएआई को 10 मीटर सड़क चौड़ी करनी थी। ढाई साल बीतने के बाद बाद 30 किलोमीटर भी रोड चौड़ा नहीं हो पाया। नवाबगंज से पीलीभीत, अमरिया में रोड खस्ताहाल होने से पीलीभीत, खटीमा, सितारगंज से टनकपुर जाने वाले यात्रियों को रोजाना मुसीबत से दो चार होना पड़ रहा है। सड़क पर उड़ती धूल और मिट्टी जमा होने से आए दिन दुघर्टनाएं में दो पहिया और चार पहिया वाहनों के साथ यात्री भी घायल हो रहे हैं। नेशनल हाइवे अथारिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) ने बरेली से पीलीभीत होते हुए सितारगंज (उत्तराखंड) तक 75 किलोमीटर लंबे मार्ग को 10 मीटर चौड़ाकर टू लेन बनाने का प्रोेजेक्ट वर्ष 2014 में स्वीकृत कराया था। ढाई साल बाद भी ये प्रोजेक्ट अधर में है। इसकी वजह से बरेली से नवाबगंज, पीलीभीत वाया सितारगंज जाने वाले वाहनों को रोजाना जाम से जूझ़ना पड़ता है। पूरे मार्ग पर धूल उड़ती है जिस वजह से दो पहिया वाहनों की दुघर्टनाएं भी बढ़ रही हैं। कदम-कदम पर यात्रियों की दुश्वारियां बढ़ रही हैं। एनएचएआई की मानें तो ये प्रोजेक्ट भी डेढ़ साल से ज्यादा लेट हो चुका है। ढाई साल बाद मार्ग के बीच में बनने वाले आधा दर्जन छोटे बड़े पुल निर्माण का काम चल रहा है। अब तक मात्र 55 फीसदी काम पूरा हो पाया है। अवैध खनन और ओवरलोडिंग बंद होने से तीन महीने काम ठप रहा। इससे पहले कार्यदायी संस्था ने एक साल तक काम ठप रखा।
अमरिया (पीलीभीत)। बरेली-सितारगंज मार्ग नेशनल हाईवे मार्ग पर यात्रियों की मुसीबत कम होने का नाम नहीं ले रही है। अमरिया सितारगंज के बीच बड़ापुरा से लेकर मुडलिया गौसू तक चार किलोमीटर के टुकड़े पर दो माह से निर्माण कार्य चल रहा है। कंपनी ने मिट्टी डालकर निर्माण कार्य की गति धीमी कर दी है। बीच में कुछ पुलियों पर निर्माण कार्य चल रहा है। पूरी सड़क पर मिट्टी का पटान होने से आने जाने वाले वाहनों से धूल उड़ने से आए दिन हादसे हो रहे हैं। एक सप्ताह पूर्व गांव बल्लिया निवासी कुलदीप कौर का अपने पति चरन सिंह के साथ जाते समय फिसल कर हाथ टूट गया। सतनाम सिंह की पत्नी की टांग टूट गई। दुघर्टनाओं पर आस-पास इलाकों में भारी रोष पनप रहा है।
बरेली-सितारगंज मार्ग पर 55 फीसदी काम पूरा हो चुका है। दिसंबर तक चौड़ीकरण का काम पूरा करने का लक्ष्य है। वरुण चारी, उप प्रबंधक तकनीकी एनएचएआई