बदायूं। जिले में तीन करोड़ 57 लाख की लागत से विभिन्न क्षेत्रों में 18 नए विद्युत उपकेंद्र बनाए जाएंगे। यदि सब कुछ ठीक-ठाक रहा, तो कुछ समय बाद ही जिले की बिजली व्यवस्था पूरी तरह दुरुस्त हो जाएगी। आम उपभोक्ताओं को बेहतर सप्लाई देने के लिए बिजली विभाग ने पूरी कार्य योजना तैयार कर ली है। इसके लिए जमीन की तलाश की जा रही है। जमीन चिह्नित होने के बाद सभी स्थानों पर विद्युत उपकेंद्र का निर्माण शुरू हो जाएगा।
जिले में बिजली की व्यवस्था अच्छी नहीं चल रही है, खासकर देहात क्षेत्र के लोगों को कुछ घंटे ही सप्लाई मिल पाती है। उसका भी कोई टाइम निर्धारित नहीं होता। गर्मियों के दिनों में बिजली की समस्या और भी ज्यादा गहरा जाती है। लोग इस समस्या को लेकर अक्सर सड़कों पर आ जाते हैं। तब विभागीय अधिकारियों और पुलिस विभाग को भी काफी दिक्कतें होती हैं। इस समस्या को लेकर जिले के लगभग सभी जनप्रतिनिधियों ने बिजली व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए मुख्यमंत्री और ऊर्जा मंत्री से मिलकर समस्या से अवगत कराया था। मुख्यमंत्री और ऊर्जा मंत्री ने सभी जनप्रतिनिधियों को अपने यहां से नई विद्युत उपकेंद्र बनाने के लिए कार्य योजना बनाकर भेजने को कहा था। ऐसे में पिछले दिनों जिला अधिकारी ने भी बिजली विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक की थी और इस बात पर जोर दिया था कि गर्मियों से पहले ही जिले की बिजली व्यवस्था को और बेहतर किया जाए। इसको लेकर बिजली विभाग ने अपनी कार्य योजना तैयार की। इसके तहत तीन करोड़ 57 लाख रुपये की कार्य योजना को बनाकर रखा है। इससे 18 नए विद्युत उप केंद्र बनाए जाने का प्रस्ताव है। इनमें तीन विद्युत वितरण खंड प्रथम, सात विद्युत वितरण खंड द्वितीय, छह विद्युत वितरण खंड तृतीय और दो चतुर्थ विद्युत वितरण खंड में बनाने का प्रस्ताव है। सभी के लिए 50 गुना 40 वर्ग मीटर की भूमि की आवश्यकता होगी। इसके लिए सभी संबंधित तहसील के अधिकारियों से समन्वय स्थापित किया जा रहा है, ताकि जल्द से जल्द भूमि उपलब्ध हो सके।
जनपद में है 56 उपकेंद्र
-इस समय जनपद में 56 विद्युत उपकेंद्र है। उन्हीं से पूरे जिले को बिजली की सप्लाई की जाती है। यदि 18 नए उपकेंद्र और बन जाते हैं, तब जिले में विद्युत उपकेंद्र की संख्या बढ़कर 74 हो जाएगी।
लगेंगे नई कुटीर उद्योग धंधे
-यदि 18 विद्युत उपकेंद्र और बन जाते हैं। तब संबंधित क्षेत्र में नई कुटीर उद्योग धंधे स्थापित होंगे। इसका सीधा लाभ लोगों को मिलेगा। बहुत से लोगों को रोजगार भी मिल सकेगा। निश्चित तौर पर बिजली विभाग की यह कार्य योजना जिले के आम लोगों के लिए फायदेमंद साबित होगी।
18 और नए विद्युत उपकेंद्र बनाए जाएंगे। इसके बन जाने से लोगों को काफी राहत मिलेगी। गर्मी हो या सर्दी उपभोक्ताओं को कोई परेशानी नहीं होनी दी जाएगी।
-अखिलेश कुमार, अधीक्षण अभियंता