बरेली। बेसिक शिक्षा विभाग ने शिक्षक भर्ती परीक्षा के लिए प्रवेश पत्र जारी करने के बजाय शिक्षकों से ही सादा कागज पर डिटेल मांगी है। संबंधित खंड शिक्षाधिकारी से इसे प्रमाणित कराने की जिम्मेदारी भी इन्हीं शिक्षकों को दी है, जिसके चलते शनिवार को दिन भर बीएसए ऑफिस में भीड़ लगी रही। परीक्षा की तैयारी के बजाय शिक्षक अपने खंड शिक्षाधिकारी की तलाश में भटकते रहे।
अंग्रेजी माध्यम में अपग्रेड किए गए परिषदीय स्कूलों की शिक्षक भर्ती परीक्षा 24 जून को जीआईसी में दो पालियों में होनी है। 26 और 27 जून को साक्षात्कार होगा, जिसके लिए जिले भर से 750 प्राइमरी-जूनियर के प्रधानाध्यापक और सहायक अध्यापकों ने आवेदन किया है। परीक्षा में शामिल होने के लिए विभाग ने प्रवेश पत्र के नाम पर निर्धारित प्रारूप थमा दिया है। सादा कागज पर इस प्रारूप में शिक्षकों को नाम, पदनाम, पता, वर्तमान तैनाती आदि लिखकर और फोटो लगाकर अपने खंड शिक्षाधिकारी से प्रमाणित कराना है।
नहीं कर पाएंगे नकल
इस बार परीक्षा में नकल करने के लिए एक साथ फार्म जमा करके आगे पीछे बैठने का फार्मूला नहीं चलेगा। पिछले बार के अनुभवों से सीख लेकर आवेदनों को अल्फाबेटिकल क्रम में रोल नंबर जारी किए गए हैं। बीएसए कार्यालय में देर शाम तक रोल नंबर जारी करने में कर्मचारी लगे रहे।
प्रवेश पत्र को प्रमाणित कराने के लिए शिक्षकों को परेशान होने की जरूरत नहीं है। परीक्षा वाले दिन भी सुबह ही करा सकते हैं।
- राजीव श्रीवास्तव, परीक्षा प्रभारी