शाही। राशन कार्ड के अधिकार से वंचित करने वाले सिस्टम के खिलाफ आखिरकार भीड़ शनिवार को सड़क पर उतर आई। लोगों ने पहले थाना समाधान दिवस और फिर नगर पंचायत कार्यालय में जमकर हल्ला काटा। थाना समाधान दिवस में तहसील का कोई प्रतिनिधि न होने की वजह से पुलिस को गुस्साई भीड़ को कोई जवाब देना मुश्किल हो गया। काफी देर यहां नारेबाजी और प्रदर्शन के बाद भीड़ नगर पंचायत कार्यालय पहुंच गई और वहां भी करीब डेढ़ घंटे तक हंगामा किया। पहले बाबू ने उन्हें समझाने की कोशिश की, लेकिन बाद में चेयरमैन के बेटे ने उनके आवेदनों पर दो दिन के अंदर रिपोर्ट लगाकर पूर्ति कार्यालय भेजने का भरोसा दिलाया तब कहीं भीड़ शांत हुई।
भारतीय किसान यूनियन (भानु) की अगुवाई में जुटे लोगों की भीड़ सुबह ही थाना समाधान दिवस में पहुंचीं। यहां उन्होंने राशन कार्ड की समस्या रखी तो समाधान दिवस प्रभारी ने उल्टे लोगों से पूछना शुरू कर दिया कि किसकी अनुमति से जुलूस थाने लाया गया है। राशन कार्ड तो तहसील में बनते हैं। इस पर नगर अध्यक्ष योगेश कुमार सिंह ने कहा कि लोग कई-कई बार राशन कार्ड के लिए ऑनलाइन आवेदन कर चुके हैं। तहसील और पूर्ति कार्यालय के चक्कर काटकर थक भी चुके हैं। समाधान दिवस समस्याओं के समाधान के लिए ही आयोजित होता है। इसके बाद समाधान दिवस प्रभारी ने उनके प्रार्थना पत्र लिए। तहसील का कोई प्रतिनिधि मौजूद नहीं था। प्रदर्शनकारी इसके बाद नगर पंचायत कार्यालय पहुंचे जहां राशन कार्ड की मांग करते हुए करीब डेढ़ घंटे कर प्रदर्शन किया। नगर पंचायत लिपिक देवेंद्र कुमार ने एसडीएम के आदेश का हवाला देकर सभी पात्रों के राशन कार्ड बनाने की बात कही लेकिन लोग शांत नहीं हुए। इस पर चेयरमैन के बेटे अतहर हुसैन ने से बातचीत कर ऑनलाइन आवेदनों को दो दिन के भीतर नगर पंचायत कार्यालय में देने को कहा। साथ ही भरोसा दिलाया कि पात्रों के आवेदन रिपोर्ट लगाकर पूर्ति कार्यालय भेज दिए जाएंगे। जिन लोगों ने आवेदन नहीं किया है वे भी जरूरी कागजात सहित दे दें। उनके आवेदन भी रिपोर्ट लगाकर भेज दिए जाएंगे।