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सीएमएस से होगी विधायक निधि से दिए 25 लाख की रिकवरी

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बरेली। समाजवादी पार्टी के एमएलसी डॉ. वसीम बरेलवी ने दो साल पहले जिला अस्पताल में बच्चों के इलाज के लिए वेंटीलेटर सुविधा शुरू करने के लिए 25 लाख रुपये दिए। उसमें जिला अस्पताल में वेंटीलेटर लगाकर उसे चालू कराना था। मगर दो साल बाद मशीन तो लग गई, लेकिन बच्चों के इलाज की सुविधा शुरू नहीं हो सकी। सीडीओ ने अब इस पर सख्त रुख अपनाते हुए जिला अस्पताल (पुरुष) के सीएमएस डॉ. केएस गुप्ता को नोटिस जारी कर बच्चों के इलाज की सुविधा न शुरू करने पर विधायक निधि से जारी 25 लाख रुपये की रिकवरी करने की चेतावनी दी है। साथ ही यह भी कहा है कि जब तक रिकवरी नहीं होती है, तब तक सीएमएस का वेतन रोका जाएगा।
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एमएलसी डॉ. वसीम बरेलवी ने वर्ष 2016 में जिला अस्पताल में नवजात शिशुओं के इमरजेंसी इलाज की सुविधा शुरू करने के लिए अलग से वार्ड शुरू करने की पहल की थी। इस दिशा में उन्होंने अपनी विधायक निधि से 25 लाख रुपये भी जिला अस्पताल को दिए थे। जिला अस्पताल के सीएमएस ने इमरजेंसी वार्ड शुरू करने के लिए बहुत ही लचर रवैया अपनाया। लंबे समय तक विधायक निधि की रकम रिलीज नहीं हुई। बाद में किसी तरह बमुश्किल विधायक निधि की रकम रिलीज हो पाई तो वेंटीलेटर के लिए मशीन खरीदने में देरी हुई। अब किसी तरह मशीन तो लग गई, लेकिन जिला अस्पताल की ओर से बार-बार यह बहाना बनाया जा रहा है कि 24 घंटे ड्यूटी करने वाला कोई डॉक्टर और स्टाफ नहीं है। सीएमएस की इस तरह की लापरवाही को सीडीओ ने गंभीरता से लिया है और नोटिस जारी कर चेतावनी दी है। सीडीओ ने कहा कि तुरंत डॉक्टर की व्यवस्था कर वेंटीलेटर मशीन चलवाएं। वरना विधायक निधि से लिए गए 25 लाख रुपये वापस किए जाएं। निर्णय न होने तक सीएमएस को वेतन रोकने की चेतावनी दी गई है।

दो साल में जिला अस्पताल में वेंटीलेटर की सुविधा शुरू नहीं हो सकी है। इसके लिए सीएमएस को नोटिस जारी कर वेतन रोकने की चेतावनी दी गई है। अगर सुधार नहीं हुआ तो 25 लाख की रिकवरी की जाएगी। - सत्येंद्र कुमार, सीडीओ
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नोटिस मिलेगी तो उसका जवाब दिया जाएगा। संबंधित वेंटीलेटर साढ़े तीन साल पहले तत्कालीन सीएमओ और सीएमएस ने खरीदा था। इसके संचालन के लिए पिछले दिनों सीडीओ के आदेश पर डॉक्टरों को प्रशिक्षित करने का काफी प्रयास कि या गया लेकिन सफलता नहीं मिल सकी। - डॉ. केएस गुप्ता, सीएमएस
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