बरेली। मीरगंज में सपा-बसपा गठबंधन प्रत्याशी भगवतसरन गंगवार को भाजपा से बढ़त लेने की उम्मीद थी, लेकिन मतगणना में गठबंधन प्रत्याशी भाजपा से 47 हजार से ज्यादा वोटों से पिछड़ गए। मीरगंज के शीशगढ़ और शाही जैसे मुस्लिम बहुल क्षेत्रों में भाजपा को ठीक-ठाक वोट मिल गए। जबकि सपा यहां से शत प्रतिशत वोट लेकर आगे रहने का गणित लगाए हुए थी।
मीरगंज विधानसभा में कुल 2 लाख 10 हजार 797 वोट पड़े। इनमें से भाजपा प्रत्याशी संतोष गंगवार को 1 लाख 18 हजार 873 वोट मिले, जबकि भगवतसरन गंगवार को मात्र 71377 वोट ही मिल पाए। कुर्मी और मुस्लिम बहुल इस इलाके में कांग्रेस को 13993 वोट मिले। इस तरह अगर देखा जाए तो भाजपा ने इस विधानसभा क्षेत्र में न केवल 2017 के विधानसभा चुनाव से ज्यादा वोट हासिल किए बल्कि आधे से ज्यादा वोट लेने के लक्ष्य को भी पूरा किया। भाजपा ने यहां सपा से 47 हजार 496 वोटों से बढ़ बनाई। शीशगढ़ और शाही समेत कई मुस्लिम बहुल गांवों में यहां भाजपा को भी वोट मिले। कुर्मी बिरादरी का जो वोट सपा को मिलने के कयास लगाए जा रहे थे, वह भाजपा में चला गया। इसके चलते गठबंधन प्रत्याशी को करारी हार का मुंह देखना पड़ा।