ममरी। वनरेंज मोहम्मदी महेशपुर की देवीपुर बीट क्षेत्र के गांव इटौवा निवासी देवेंद्र कुमार उर्फ मुकुल शुक्ला के गन्ने के खेत में शनिवार सुबह तेंदुआ के तीन नवजात शावक मिलने से उन्हें देखने वालों की भीड़ एकत्र हो गई। उधर शुक्रवार की शाम गन्ने के खेतो में बाघ ने गांव तिलोकपुर निवासी किसान महादेव के एक बैल पर हमला कर मार डला, जिसका अधखाया शव गन्ने के खेत में पड़ा मिला।
शनिवार सुबह कुछ मजदूर गांव इटौवा निवासी देवेंद्र कुमार उर्फ मुकुल शुक्ला के खेत में गन्ने की छिलाई कर रहे थे। मजदूरों ने जैसे ही गन्ना काटना शुरू किया वैसे ही उन्हें गन्ने में बिल्ली की शक्ल में तीन नवजात बच्चे बैठे दिखाई दिए। मजदूरों की सूचना पर पहुंचे खेत स्वामी ने इसकी सूचना सुंदरपुर के बीडीसी रामकुमार वर्मा के माध्यम से रेंजर आदि वनकर्मियों को दी। मौके पर फारेस्टर रामप्रसाद, वनरक्षक राजेश ने चिन्हित कर बताया कि यह तीनों तेंदुआ के बच्चे हैं। तेंदुआ के नवजात बच्चे मिलने की खबर पाकर एसडीओ रविशंकर शुक्ला भी रेंजर बनारसीदास शाक्य संग पहुंच गए और तेंदुए के बच्चे देख गन्ने की छिलाई बंद कराकर सुरक्षा घेरा बनवा दिया। तेंदुए के बच्चों को देखने के लिए भीड़ एकत्र हो गई। इसी बीच एक झलक मादा तेंदुए की भी देखी गई, लेकिन भीड़ जमा होने से वह गन्ने में छिपी रही। एसडीओ ने बताया कि बच्चों की निगरानी में वनकर्मियों की टीम लगाई गई है। जब तक तेंदुआ बच्चों को नहीं ले जाता तब तक गन्ने की छिलाई रुकवा दी गई है। रेंजर ने बताया कि तीन बच्चे मिलने से जंगल में तेदुओं की संख्या और बढ़ गई है।
उधर शुक्रवर की शाम खूंटे से छूटकर गांव से 100 मीटर दूर खेत पर पहुंचे तिलोकपुर निवासी किसान महादेव के बैल को गन्ने में बैठे बाघ ने हमला कर शिकार बना लिया। सूचना पर पहुंचे वनकर्मियों ने बैल का अधखाया शव गन्ने में मिलने की पुष्टि कर बताया कि मिले पगचिन्हों के आधार पर बाघ जंगल की ओर चला गया है। घटना से क्षेत्रवासियों में दहशत फैल गई है।