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पप्पू भरतौल ने कहा- तुष्टीकरण की राजनीति कर रहे वीरपाल

Tue, 25 Sep 2018 12:42 AM IST
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,बरेली
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उमरिया और खजुरिया कांड पर हो रही सियासत को लेकर भाजपा के बिथरी विधायक राजेश मिश्रा उर्फ पप्पू भरतौल और पूर्व सपा सांसद वीरपाल सिंह यादव आमने-सामने आ गए हैं। दोनों ने एक दूसरे पर जमकर निशाना साधा और व्यंग्य वाण चलाए।
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सपा के जिलाध्यक्ष रहे पूर्व राज्यसभा सदस्य वीरपाल सिंह यादव के मुकदमा दर्ज करने और पुलिस की दबिश डालने की कार्रवाई को सही ठहराने से भड़के भाजपा विधायक पप्पू भरतौल ने कहा कि वीरपाल सिंह यादव का अभी यही नहीं पता है कि वह सपा में अखिलेश यादव के साथ हैं या फिर समाजवादी सेक्युलर मोर्चा वाले शिवपाल के। पहले वह यह तय करें कि किसके साथ हैं फिर पुलिस कार्रवाई को सही या गलत ठहराएं। विधानसभा चुनाव लड़ने के डेढ़ साल बाद तक वीरपाल को उमरिया गांव की याद नहीं आई। जब वहां ताजिए निकलने को लेकर विवाद हुआ तब उनको गांव याद आया। इस बहाने वह तुष्टीकरण की राजनीति कर रहे हैं। वह यह भी तय करें कि उनको बहुसंख्यक वोट भी चाहिए या केवल अल्पसंख्यक वोट लेकर चुनाव लड़ेंगे।
पप्पू भरतौल के बयान पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए वीरपाल सिंह यादव ने कहा कि वह तो जन्मजात सपाई हैं। सपा को उन्होंने अपने खून पसीने से सींचा है। यह तो पप्पू भरतौल याद करें कि वह विधायक बनने से पहले कितनी पार्टियों में रहे। जहां तक विधानसभा चुनाव लड़ने के बाद उमरिया जाने की बात है तो वह जब भी किसी गांव जाते हैं तो उन्हें विधायक से हाजिरी लगवाने की जरूरत नहीं है। वह विधायक की डायरी में नोट कराकर तो नहीं जाएंगे कि किस गांव में किस दिन जा रहे हैं।
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