लोगों के घरों में अतिरिक्त कमरे बने कमाई का जरिया, टैक्स भी नहीं देना पड़ रहा
बरेली। बरेली मंडल में जिस तेजी से पर्यटकों की संख्या बढ़ी है, उसी गति से आवासीय सुविधाओं की मांग बढ़ रही है। ऐसे में पर्यटन स्थल के आसपास बने घरों को पर्यटकों को रुकने के लिए विकसित किया जा रहा है। मंडल में अब तक 11 आवेदनों को स्वीकृति मिल चुकी है। पांच प्रक्रिया में हैं। मकानों को होम स्टे के तौर पर विकसित करने वालों को इससे होने वाली कमाई पर कोई टैक्स भी देने की जरूरत नहीं है।
बरेली में बीते साल 1.10 करोड़ पर्यटक घूमने के लिए आ चुके हैं। यह संख्या गोवा से भी अधिक है। पर्यटकों की बढ़ती आमद के बीच पर्यटन स्थलों के आसपास रहने वालों के लिए नई संभावनाएं विकसित हो रही हैं।
ऐसे में उत्तर प्रदेश बेड एंड ब्रेकफास्ट एवं होम स्टे नीति-2025 के तहत लोगों को अधिक से अधिक लाभान्वित करने की योजना है। लोग अपने मकानों के अतिरिक्त कमरे पर्यटकों को उपलब्ध कराकर अच्छी आय प्राप्त कर सकते हैं।
बरेली में सबसे ज्यादा आवेदन
बरेली में होम स्टे के लिए कुल 10 आवेदन आए हैं। इनमें से सात को स्वीकृति मिल चुकी है, तीन जिला स्तर पर प्रक्रियाधीन है। पीलीभीत में पांच आवेदन प्राप्त हुए। इनमें से चार स्वीकृत हुए और एक जिला स्तर पर विचाराधीन है। शाहजहांपुर में एक आवेदन आया है जो प्रक्रिया में है। बदायूं में एक भी आवेदन अब तक नहीं आया है। ब्यूरो
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इन तीन प्रकार के भवनों में होता है होम स्टे
शहरी होमस्टे
ऐसे भवन जिसमें मकान मालिक निवास करता हो एवं उसके पास अपने प्रयोग के बाद अतिरिक्त कमरे उपलब्ध हो, जिन्हें यह पर्यटकों को आवास के लिए उपलब्ध कराना चाहे। ऐसे कमरों की संख्या अधिकतम छह हो सकती है, यानि कुल 12 बेड की व्यवस्था किसी एक आवासीय इकाई में हो सकती है। इसमें महंगे आलीशान व्यवस्था वाले भवन गोल्ड व उससे थोड़ा कम सुविधा वाले भवन सिल्वर कैटेगरी में रखे गए हैं।
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बेड एंड ब्रेकफास्ट (बी एंड बी)
ऐसे भवन जिसमें भूस्वामी स्वयं निवास न करता हो एवं उसके पास एक से छह कमरे उपलब्ध हो, जिन्हें वह पर्यटकों को आवास के लिए उपलब्ध कराना चाहे। बी एंड बी इकाई में एक केयर टेकर रखना अनिवार्य होगा, जो इकाई के रख-रखाव एवं संचालन का कार्य करेगा। यहां पर भी गोल्ड व सिल्वर की श्रेणी रखी गई है।
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ग्रामीण होम स्टे
ग्रामीण क्षेत्र में ऐसे आवासीय भवन जिनमें मकान मालिक स्वयं निवास करता हो एवं उसके पास अपने प्रयोग के बाद कुछ कक्ष उपलब्ध हों, जिन्हें वह पर्यटकों को आवास के लिए उपलब्ध कराना चाहे। ऐसे कक्षों की संख्या 6 (कुल 12 बेड) तक हो सकती है।
बी एंड बी एवं होम स्टे नीति के तहत लोग अपने घरों का उपयोग व्यावसायिक रूप से कर सकते हैं। इसका पंजीकरण बहुत आसानी से हो सकता है। इसमें किसी प्रकार का टैक्स नहीं देना होगा। बरेली मंडल के चार में से तीन जिले में 11 लोगों को होम स्टे कराने की अनुमति मिली है, वहीं पांच प्रक्रिया में हैं। - रवींद्र कुमार, क्षेत्रीय पर्यटन अधिकारी