जिले के एक सामुदायिक स्वास्थ्य व एक प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण में तीन डॉक्टर व छह स्वास्थ्य कर्मचारियों के नदारद रहनेे पर सभी से स्पष्टीकरण मांगते हुए एक दिन का वेतन काटने की कार्रवाई की गई है। एसीएमओ ने कहा कि स्वास्थ्य के मामले में लापरवाही पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
शुक्रवार को एसीएमओ डॉ पीके श्रीवास्तव व डॉ जेता सिंह ने सीएचसी सिरौलीगौसपुर का औचक निरीक्षण दिन में करीब 12.10 बजे किया। निरीक्षण के दौरान वहां पर तैनात वार्ड ब्वाय त्रिभुवन सिंह, लैब असिस्टेंट बृजेश सिंह व फार्मासिस्ट बिना किसी सूचना के गायब मिले। इसके बाद पीएचसी खजुरी को निरीक्षण टीम करीब एक बजे पहुंची जहां डॉ. संतोष शुक्ला, डॉ. अतुल वर्मा , डॉ. रामानुज कनौजिया, फार्मासिस्ट उमेश चंद्र मिश्र, रुपेश गुप्ता व क्लर्क अजय शेखर बिना प्रार्थना पत्र के पीएचसी से नदारद रहे। एसीएमओ ने सभी डॉक्टरों व कर्मचारियों से स्पष्टीकरण मांगा है।
वहीं निरीक्षण में दवाएं, आक्सीजन व साफ-सफाई की व्यवस्था दुरुस्त पाई गई। सभी का एक-एक दिन का वेतन काटे जाने की कार्रवाई की गई है। यह जानकारी देते हुए सीएमओ डॉ रवींद्र कुमार ने बताया कि सभी चिकित्सकों व कर्मचारियों के खिलाफ स्वास्थ्य सेवाओं में लापरवाही बरतने के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।