बाराबंकी। बीते 13 मई को बाराबंकी के 10वीं वाहिनी पीएसी परिसर में सिपाही शिल्पी (28) का शव फंदे से लटका मिला था। पुलिस की जांच में मामला आत्महत्या का पाया गया था। शिल्पी की तैनाती कानपुर में थी। हैरत की बात यह है कि इनकी मौत के 18 दिन बाद 30 मई को कानपुर कमिश्नरेट की तबादला सूची जारी हुई जिसमें शिल्पी यादव का स्थानांतरण दूसरे जोन में कर दिया गया।
इटावा जिले के जसवंतनगर की रहने वाली शिल्पी (28) वर्ष 2016 में खेल कोटे से पुलिस विभाग में भर्ती हुई थीं। वह तीरंदाजी की खिलाड़ी थीं। वर्तमान में उनकी तैनाती कानपुर में थी। करीब डेढ़ माह पहले उन्हें प्रशिक्षण के लिए 10वीं वाहिनी पीएसी बाराबंकी से संबद्ध किया गया था। 13 मई को यहीं पर बैरक के अंदर शिल्पी का शव लटका मिला था। कमरे से सुसाइड नोट भी मिला था।