सतरिख। चकसार गांव में सुकई रावत की पुत्री संध्या (18) का शव शुक्रवार देर रात घर से करीब 300 मीटर दूर बाग में दुपट्टे से बने फंदे में लटका मिला।
चर्चा है कि भाई की डांट से नाराज होकर घर से निकली थी। प्रारंभिक जांच में इसे आत्महत्या बताते हुए पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है।
सुकई रावत के एक पुत्र दिवाकर और दो पुत्रियां सुजाता व संध्या थी। परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक न होने के कारण सुकई मुंबई में मजदूरी करते हैं, जबकि बेटियां गांव में मजदूरी कर परिवार का सहारा बनती थीं। ग्रामीणों के अनुसार शुक्रवार शाम दिवाकर व संध्या में विवाद हुआ था। इससे आहत होकर संध्या घर से बाहर चली गई। देर रात तक वापस न लौटने पर बड़ी बहन सुजाता उसकी तलाश में निकली।
आम की बाग में पहुंचने पर उसने देखा कि संध्या का शव पेड़ से दुपट्टे के सहारे लटका हुआ है। यह दृश्य देखकर वह चीख पड़ी। शोर सुनकर आसपास खेतों में मौजूद ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने शव को नीचे उतरवाया। पिता सुकई मुंबई से गांव के लिए रवाना हो गए हैं। एसएचओ डीके सिंह ने बताया कि परिजनों की ओर से अभी तक कोई तहरीर नहीं दी गई है।