बाराबंकी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की पराली जलाने वाले किसानों पर दर्ज केस वापस करने व जुर्माना लौटाने की घोषणा का सीधा लाभ जिले के 31 किसानों को मिलेगा। वहीं किसानों से जुर्माने की वसूली गई 75 हजार रुपये की रकम लौटाई जाएगी। सीएम के इस फैसले से किसानों में काफी खुशी हैं।
जिले में वर्ष 2020-21 में पराली जलाने के मामले में नौ थानों पर कृषि विभाग ने 18 एफआईआर दर्ज कराई थी। जिसमें 31 किसानों को नामजद किया था। वहीं इन किसानों से 75 हजार रुपये का जुर्माना वसूला गया था। पराली जलाने की घटनाओं को शुरूआती दौर में केंद्र सरकार द्वारा सेटेलाइट के जरिए कराई जा रही निगरानी से पकड़ा गया।
इसके बाद शासन से लेकर जिला प्रशासन तक के अधिकारी हरकत में आ गए। परिणाम स्वरूप डीएम े भी पराली जलाने की दो घटनाएं पकड़ी। इसके लिए बाकायदा कलेक्ट्रेट के लोकसभागार में कंट्रोल रूम बनाया गया। जिसमें आई शिकायत पर कृषि विभाग के क्षेत्रीय कर्मचारी व लेखपाल की रिपोर्ट के बाद मुकदमे दर्ज किए गए थे।
वहीं किसानों ने जुर्माना भी वसूला गया है। इसको लेकर पराली जलाने की घटनाएं कम हुईं मगर मुकदमे दर्ज होने को लेकर किसान काफी चिंतित थे। मगर, बुधवार को किसान संवाद कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की दर्ज मुकदमे वापस करने व वसूला गया जुर्माना लौटाने की घोषणा के बाद किसानों में खुशी है।
इस बाबत उप कृषि निदेशक अनिल कुमार सागर का कहना है कि पराली जलाने के मुकदमे वापस होने व जुर्माना लौटाने संबंधी अभी कोई आदेश नहीं मिला है। इस संबंध में शासन से जो आदेश मिलेंगे उसका अनुपालन प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा।
इन पर दर्ज हुई थी एफआईआर
पराली जलाने की सबसे पहली घटना पांच अक्टूबर 2020 में सैटेलाइट से मसौली ब्लॉक में पकड़ी गई। इसमें बघौरा निवासी सुरेंद्र कुमार, जितेंद्र प्रसाद व उपेंद्र कुमार पर सफदरगंज थाने में केस दर्ज कराया गया। इसके बाद फतेहपुर में राकेश कुमार पर एफआईआर हुई। फतेहपुर में ही एक अन्य मामले में बटाईदार अरविंद वर्मा तथा कंट्रोल रूम में मिली शिकायत पर शैलेंद्र सिंह व परमेंद्र सिंह पर केस दर्ज कराया गया।
राजकुमार व कैसरबानों पर भी फतेहपुर में एफआईआर हुई। बंकी ब्लॉक में किसान राजकुमार सिंह, वीरेंद्र सिंह, जितेंद्र सिंह व महेंद्र सिंह पर जहांगीराबाद थाने में केस दर्ज हुआ। हरिनाम, रामदेवी व महेश पर जैदपुर थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई। राजेंद्र प्रसाद, पंकज व शशी सरन पर रामनगर थाने में केस दर्ज कराया गया।
नगर कोतवाली में बुद्धलाल, राधेलाल, गौरव, गंगाराम, पुरुषोतम व सुरेश पर केस दर्ज हुआ। अनूप कुमार व रामखेलावन पर सतरिख, जगदीश प्रसाद व सतीश कुमार पर मसौली थाने में केस दर्ज कराया गया था। जबकि शिवकुमार व राकेश पर मोहम्मदपुर खाला थाने में एफआईआर हुई थी। ढाई हजार रुपये प्रति किसान के हिसाब से जुर्माना वसूला गया था।