आसमान में छाई छिटपुट बदली व तेज हवाओं के बीच घाटों पर जुटे श्रद्घालुओं ने डुबकी लगाई और स्नान के बाद खिचड़ी, तिल, गुड़, घी आदि का दान किया। मकर संक्रांति पर नदी के घाट गुलजार दिखे। शहर ही नहीं ग्रामीण अंचलों में भी जगह-जगह खिचड़ी भोज हुआ। खिचड़ी भोज में समरसता की अनूठी झलक दिखी।
मकर संक्रांति पर मंगलवार सुबह से ही घाटों पर श्रद्घालुओं का जमावड़ा रहा। आसमान में छाए बादलों संग बह रही ठंडी हवा के बाद भी श्रद्घालुओं का उत्साह कम नहीं हुआ। गोमती नदी के औसानेश्वर घाट, पोखरा के राजघाट व टीकाराम घाट पर श्रद्घालुओं ने स्नान किया। शिवनाम, पोखरा, ग्राम बारा, गोसूपुर में मेला लगा। कोटवाधाम में समर्थ जगजीवन साहेब की तपोस्थली में दुर्गेश दीक्षित की अगुवाई में बंदरो को खिचड़ी खिलाई गयी।
गांधी भवन में आयोजित खिचड़ी भोज में स्टेशन अधीक्षक विनय शुक्ला, राजनाथ शर्मा, बृजेश दीक्षित, प्रदीप सिंह आदि मौजूद रहे। कोठी कस्बे में थाने के पास गणेश महोत्सव के कार्यकर्ताओं द्वारा खिचड़ी भोज का आयोजन किया गया। इस मौके पर पवन कुमार, संतोष, राजेश सोनी, रवि आनंद, गोलू आदि मौजूद रहे। डॉ. श्याम सिंह यादव सेवा संस्थान के तत्वाधान में खिचड़ी भोज आयोजित किया गया।
हैदरगढ के ग्राम लोहानपुर में हरीशकांत मिश्रा द्वारा आयोजित खिचड़ी भोज में कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता तनुज पुनिया ने कहा कि मकर संक्रांति पर्व हमें समरसता व एकता का संदेश देता है। इस मौके पर पवन, अंकुर यादव, गुड्डू राईन आदि मौजूद रहे। मकर संक्रांति पर मयूर विहार में एपीएस किड्स का शुभारंभ सांसद प्रियंका सिंह रावत ने किया। मसौली, रामसनेहीघाट, रामनगर, सिरौलीगौसपुर, फतेहपुर में खिचड़ी भोज हुआ।