मामूली बात को लेकर भाई की गैर इरादतन के एक मामले में अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने दो भाइयों को उम्र कैद की सजा सुनाई है। कोर्ट ने दोनों आरोपियों को 10-10 हजार रुपये जुर्माना भुगतने का आदेश दिया है। मामला कोतवाली देवा के ग्राम गढ़ी मजरे जबरी कला का है। 10 मई 2012 को बांस काटने को लेकर दो आरोपी ने अपने ही भाई पर लाठी डंडों से पिटाई कर दी जिससे उसकी मौत हो गई।
सहायक शासकीय अधिवक्ता राज कुमार वर्मा ने बताया कि कोतवाली देवा के ग्राम गढ़ी मजरे जबरी कला निवासी रामअधार 10 मई 2012 को मकान के सामने लगी बांस की कोट से बांस काट रहे थे तभी रामअधार के भाई राम मिलन व रामखेलावन लाठियां लेकर पहुंच गए और रामअधार को बांस काटने से मना कर दिया। रामअधार के कहने पर बांस में मेरा भी हिस्सा है इस लिए काट रहा हूं।
इसी बात को लेकर राममिलन व रामखेलावन ने रामअधार को लाठियों से मारने लगे। चीख पुकार सुनकर रामअधार की पत्नी ज्ञानवती व पुत्री सविता बचाने दौड़ी तो आरोपियों ने उनकी भी पिटाई कर दी। आरोपियों की पिटाई के कारण रामअधार की मौके पर ही मौत हो गई।
घटना की रिपोर्ट मृतक के पुत्र दिलीप कुमार ने कोतवाली देवा में दर्ज कराई थी। न्यायालय में सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से चोटहिल समेत आठ गवाह पेेश किए गए।
गवाहों के बयान व दोनों पक्षों की बहस सुनने पश्चात अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश एसपी अरविंद ने आरोपी राममिलन व रामखेलावन को गैर इरादतन हत्या के आरोप में दोषी पाते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। आरोपियों को दस दस हजार रुपये जुुर्माना भी जमा करना होगा।